सुल्तानपुर जिला कारागार में कैदी की संदिग्ध मौत, जेल प्रशासन ने हार्ट अटैक बताया; परिवार ने उठाए सवाल
सुल्तानपुर जिला कारागार में बंद एक अंडर ट्रायल कैदी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. जेल प्रशासन ने इसे हार्ट अटैक बताया है, लेकिन परिजनों ने गंभीर सवाल उठाए हैं. उनके अनुसार, कैदी स्वस्थ था और रात में उसने पत्नी से बात की थी. परिवार ने मौत को संदिग्ध मानते हुए उच्चस्तरीय जांच की मांग की है.
उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिला कारागार में बंद अमेठी के एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. जेल प्रशासन ने जहां उसकी मौत का कारण हार्ट अटैक बताया है, वहीं परिजनों ने इस घटना पर गंभीर सवाल उठाए हैं. कोतवाली नगर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है. पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है.
जानकारी के मुताबिक, मृतक बंदी का नाम शैलेंद्र सिंह था, वह पिछले 10 महीनों से सुल्तानपुर जिला कारागार में बंद था. मृतक के रिश्ते में भाई आशीष सिंह ने बताया कि आज सुबह SHO (धम्मौर) द्वारा शैलेंद्र की मौत की सूचना मिली. लेकिन जब उन्होंने मौत के कारण के बारे में पूछा, तो उन्हें बताया गया कि इसकी जानकारी जेलर ही दे पाएंगे.
मुकदमा विचाराधीन था, 19 को थी अगली पेशी
आशीष सिंह ने बताया कि अस्पताल पहुंचने पर उन्हें पता चला कि शैलेंद्र को जब वहां लाया गया था, तब तक उनकी मौत हो चुकी थी, जिससे यह स्पष्ट होता है कि उनकी मृत्यु जेल के अंदर ही हुई. शैलेंद्र सिंह करीब 20 साल पुराने हत्या के प्रयास के एक मामले में जेल में बंद थे. इस मामले में उन्हें अभी तक कोई सजा नहीं हुई थी और मुकदमा विचाराधीन था.
आशीष सिंह ने बताय़ा कि शैलेंद्र 27 मार्च से जेल में थे और अपने मित्र पोनी की पत्नी से जुड़े एक मामले में निरुद्ध थे. उनकी अगली पेशी इसी महीने 19 तारीख को होनी थी. परिजनों का दावा है कि बीती रात शैलेंद्र ने अपनी पत्नी से फोन पर बात की थी और उस समय उन्हें कोई दिक्कत नहीं थी. शैलेंद्र रात में बिलकुल स्वस्थ लग रहा था.
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल, मौत को बताया संदिग्ध
आशीष सिंह ने यह भी बताया कि वह खुद महीने में 2-3 बार शैलेंद्र से मिलने जाते थे, और उनकी पत्नी भी हफ्ते में दो दिन उनसे मिलने जाती थी. उनके अनुसार, शैलेंद्र को कोई बीमारी नहीं थी और वह पूरी तरह से स्वस्थ थे. पेशी पर आने पर भी शैलेंद्र हमेशा अपनी अच्छी सेहत की बात कहते थे. ऐसे में उनकी अचानक मौत संदिग्ध है.
मृतक शैलेंद्र के तीन बच्चे हैं, जिनमें संस्कार सिंह (10), काव्य सिंह (7) और अखंड सिंह (3) शामिल हैं, जिनका रो-रोकर बुरा हाल है. शैलेंद्र का विवाह वर्ष 2015 में मध्य प्रदेश की सोनी सिंह से हुआ था. वह अपनी तीन बहनों में इकलौते भाई थे. वहीं, परिजनों ने हार्ट अटैक से मौत की बात को नकार दिया है और उच्चस्तरीय जांच की मांग की है.
