‘खुद तोड़ो या हम तोड़कर वसूलेंगे पैसे’, KGMU में अवैध मजार हटाने का आदेश

केजीएमयू प्रशासन ने कैंपस से अवैध मजारों को हटाने का निर्देश दे दिया है. इसके लिए 7 से 15 दिनों का समय भी दिया गया है. अगर अवधि में मजार नहीं हटाए गए तो प्रशासन खुद बलपूर्वक इसे हटवाएगा. ऐसे में किसी भी तरह की अव्यवस्था से निपटने के लिए पुलिस को सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने और सतर्क रखने का निर्देश दिया गया है.

केजीएमयू कैंपस में अवैध मजार हटाने के निर्देश

लखनऊ की किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी में स्थित अवैध मजारों को विश्वविद्यालय प्रशासन ने हटाने का आदेश दे दिया है. विश्वविद्यालय प्रशासन ने अवैध मजारों को चिह्नित कर वहां नोटिस चस्पा कर दिया है. इन मजारों को हटाने के लिए 7 से 15 दिन की समय सीमा दी गई है. तय समय में मजारें नहीं हटाई गईं तो प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी. पुलिस बलपूर्वक इसे हटाएगी. ध्वस्तीकरण पर आने वाला खर्च भी जिम्मेदारों से वसूला जाएगा. KGMU प्रशासन ने नियमों का हवाला देकर यह कदम उठाया है.

मजारों को हटाने के लिए 7 से 15 दिन का समय

नोटिस में लिखा गया है कि ये मजारें विश्वविद्यालय परिसर में बिना किसी वैध अनुमति के बनाई गई है. प्रशासन इसे संस्थान की संपत्ति पर अतिक्रमण मानता है. साथ ही इसे हटाने की प्रक्रिया की शुरुआत कर दी गई है. प्रशासन ने कई मजारों को हटाने के लिए 15 दिन का समय दिया है. वहीं, कुछ को हटाने के लिए 7 दिनों की ही मोहलत दी गई है.

केजीएमयू प्रशासन ने नियमों का जिया हवाला

केजीएमयू प्रशासन ने अपने इस फैसले के पीछे नियमों का हवाला देते हुए लिखा कि विश्वविद्यालय एक शैक्षणिक और चिकित्सकीय संस्थान है. यहां नियमों के आधार पर ही किसी भी तरह की संरचना की मंजूरी मिलती है. अवैध निर्माण संस्थान की गरिमा के खिलाफ हैं. सुरक्षा और संचालन व्यवस्था को भी प्रभावित करते रहते हैं.

पुलिस को सतर्क रहने का निर्देश

बता दें कि KGMU परिसर में अवैध निर्माण को लेकर सवाल पहले भी उठते आए हैं. कैंपस में अतिक्रमण और अनधिकृत ढांचों को लेकर आंतरिक स्तर पर रिपोर्ट तैयार की गई थी. फिर जाकर प्रशासन की तरफ से ये फैसला लिया गया है. फिलहाल पुलिस को आने वाले दिनों में किसी भी तरह की अव्यवस्था से निपटने के लिए पुलिस को सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने और सतर्क रखने का निर्देश दिया गया है.