गाजियाबाद से जेवर एयरपोर्ट तक दौड़ेगी नमो भारत रेल, 72 km रूट पर होंगे 22 स्टेशन
गाजियाबाद, फरीदाबाद और गुरुग्राम से सीधा जोड़ने के लिए कालिंदी कुंज से लेकर जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक हाई स्पीड नमो भारत रेल चलाने की तैयारी तेज हो गई है. इससे लोग जेवर एयरपोर्ट तक आसानी से पहुंच सकेंगे. यमुना प्राधिकरण की तरफ से रूट तैयार कर लिया गया है. इसके लिए कुल 22 स्टेशन चिन्हित किए गए हैं. इसमें 11 स्टेशन नमो भारत रेल के लिए और बाकी 11 मेट्रो रेल के लिए प्रस्तावित किए गए हैं.
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को दिल्ली, गाजियाबाद, फरीदाबाद और गुरुग्राम से सीधा जोड़ने के लिए नमो भारत रेल कॉरिडोर बनाने की तैयारी चल रही है. एयरपोर्ट शुरू होने के बाद से ही इस रैपिड रेल प्रोजेक्ट पर काम शुरू होने की संभावना है. यह रेल कॉरिडोर गाजियाबाद के मेरठ मोड़ से होते हुए ग्रेटर नोएडा यमुना सिटी और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक जाएगा.
इस रेल कॉरिडोर के शुरू होते ही नोएडा एयरपोर्ट सीधे गाजियाबाद, फरीदाबाद और गुरुग्राम से जुड़ जाएगा. इससे लाखों लोगों का सफर भी आसान होगा. यमुना प्राधिकरण ने इस प्रस्ताव के लिए केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय को रिपोर्ट भी तैयार कर भेजी है. मंत्रालय से मंजूरी पास होते ही जल्द ही धरातल पर इसके काम में तेजी लाई जाएगी.
कहां-कहां से गुजरेगी नमो भारत रेल
इस रेल कॉरिडोर के लिए प्राधिकरण की ओर से रूट भी तैयार कर लिया गया है. यह रूट नमो भारत रेल गाजियाबाद के मेरठ मोड़ से चलकर ग्रेटर नोएडा वेस्ट चार मूर्ति चौक, नॉलेज पार्क 5, सूरजपुर पुलिस लाइन होते हुए अल्फा वन और यमुना सिटी के सेक्टर 18 और 21, फिर प्रस्तावित फिल्म सिटी होते हुए सीधे एयरपोर्ट तक जाएगी.
इस रेल कॉरिडोर को लेकर कुल 22 स्टेशन चिन्हित किए गए हैं. इसमें 11 स्टेशन नमो भारत रेल के लिए हैं. बाकी 11 मेट्रो रेल के लिए प्रस्तावित किए गए हैं. इससे बार-बार यात्राओं के लिए ट्रेन बदलने की जरूरत नहीं पड़ेगी. बता दें कि इस कॉरिडोर में प्रस्तावित फिल्म सिटी से लेकर नोएडा एयरपोर्ट तक करीब 14.6 किलोमीटर लंबा मेट्रो रूट को भी शामिल किया गया है.
परियोजना पर खर्च होंगे करीब 20 हजार करोड़
अधिकारियों के मुताबिक इस परियोजना को पूरा करने के लिए करीब 20 हजार करोड़ रुपये से अधिक का खर्च आ सकता है. परियोजना को 5 सालों में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है. इसके पूरा होने के बाद नोएडा एयरपोर्ट तक पहुंचना दिल्ली एनसीआर के लाखों लोगो के लिए बेहद आसान हो जाएगा. और इस योजना के तहत सड़कों पर ट्रैफिक जाम का दबाव भी काम देखने को मिलेगा.
