गाजीपुर में मुख्तार गिरोह पर ‘ऑपरेशन वज्र’: 61 लोगों के ठिकाने पर छापा, 24 लोगों से पूछताछ
गाजीपुर पुलिस ने 'ऑपरेशन वज्र' के तहत मुख्तार अंसारी गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है. 12 टीमों ने गैंग के 61 सदस्यों के ठिकाने पर छापा मारा, साथ ही 24 संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की. साथ ही फरार अफसा अंसारी के बारे में भी परिजनों से जानकारी ली.
गाजीपुर में मुख्तार अंसारी गिरोह (IS-191) और उसके सहयोगियों के खिलाफ पुलिस ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की है. बीती रात ऑपरेशन वज्र के तहत कुल 61 लोगों के खिलाफ दबिश दी गई, इस कार्रवाई में पांच थानों की 12 पुलिस टीम लगी थी. इस दौरान करीब दो दर्शन संदिग्ध सहयोगियों को थाने पर लाकर गहन पूछताछ की गई.
पुलिस ने मुख्तार गिरोह के वर्तमान क्रियाकलापों के बारे में और उनके रद्द किए गए शस्त्र लाइसेंस की स्थिति जांची. यह वह लोग हैं जिनके नाम से 90 शस्त्रों के लाइसेंस थे जिसे पुलिस ने निरस्त कर दिया था. अब फिजिकल वेरीफाई किया जा रहा है कि उन शस्त्रों की स्थिति क्या है. साथ ही पूछताछ किए हुए व्यक्तियों का डोजर भी भरवारा गया है.
फरार अफसा अंसारी के बारे में परिवार से पूछताछ
पुलिस अधीक्षक डॉ. ईरज राजा ने खुद ऑपरेशन वज्र के तहत कार्रवाई का नेतृत्व किया. 12 पुलिस टीमों ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए मोहम्मदाबाद, भांवरकोल, करंडा, जंगीपुर और सदर कोतवाली थाना क्षेत्रों में एक साथ कई ठिकानों पर छापेमारी की. इस दौरान गैंग से जुड़ी अवैध संपत्तियों, आर्थिक स्रोतों और आपराधिक गतिविधियों के अहम दस्तावेज मिले.
एसपी डॉ. ईरज राजा ने बताया कि मुख्तार अंसारी की पूर्व मृत्यु हो चुकी है और उनके नाम से भी शस्त्र लाइसेंस था. उसके विषय में और जो फरार मुख्तार की पत्नी अफसा अंसारी है उसके विषय में भी उनके परिवार के लोगों से गहनता से पूछताछ की गई है. पूछताछ में कई अहम जानकारी मिली है, जिसके आधार पर आगे भी बड़ी कार्रवाई की जाएगी.
बांदा जेल में कार्डियक अरेस्ट से मुख्तार की मौत
चर्चित माफिया और मऊ से पांच बार विधायक रहे मुख्तार अंसारी की 28 मार्च 2024 को मौत हो गई थी. बांदा जेल में बंद रहने के दौरान कार्डियक अरेस्ट आई, जिसके बाद इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया. मुख्तार के मौत के बाद से पत्नी अफसा अंसारी फरार है, उसपर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित है.
