’50 हजार से कम पर नहीं मानेंगे साहब…’, उन्नाव के BSA ऑफिस में भ्रष्टाचार का खेल; बाबू ने खुलेआम मांगी घूस
उन्नाव बेसिक शिक्षा विभाग में बड़े भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है. एक वायरल वीडियो में हेड क्लर्क उदयवीर सिंह BSA के नाम पर नोटिस खत्म कराने के लिए 50 हजार रुपये रिश्वत मांगते दिख रहे हैं. वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद BSA शैलेश पांडेय ने जांच के आदेश दिए हैं और बड़े बाबू से स्पष्टीकरण मांगा है.
उत्तर प्रदेश में उन्नाव के बेसिक शिक्षा विभाग का भ्रष्टाचार खुलकर सामने आया है. इस ऑफिस का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें ऑफिस का हेड कलर्क बीएसए के नाम पर खुलेआम रिश्वत की मांग कर रहा. यह वीडियो BSA ऑफिस में तैनात बड़े बाबू उदयवीर सिंह का है. इसमें वह एक कर्मचारी को नोटिस खत्म कराने के नाम पर पचास हजार रुपए की मांग करते नजर आ रहे हैं. वह कह रहे हैं कि BSA शैलेश पाण्डेय और हम एक दूसरे के काफी करीब है. आप पचास हजार की दो, हम आपके नोटिस को खत्म करा देंगे.
यह वीडियो सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद BSA शैलेश पाण्डेय ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं. इसके लिए उन्होंने एक टीम गठित की है. इसी के साथ उन्होंने बड़े बाबू उदयवीर सिंह से स्पष्टीकरण भी मांगा है. 1 मिनट और 55 सेकंड के इस वीडियो को लेकर जिले में हड़कंप मच गया है. इस वीडियो में बड़े बाबू उदयवीर सिंह के सामने एक कर्मचारी खड़ा है. बताया जा रहा है कि इस कर्मचारी को बीएसए की ओर से कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है. आरोप है कि इस मामले को रफा-दफा कराने के लिए बड़े बाबू रिश्वत की डिमांड कर रहे हैं.
साहब को मोलभाव पसंद नही
बड़े बाबू सामने वाले से 50 हजार की डिमांड करते हैं, लेकिन सामने खड़ा कर्मचारी 40 हजार में मामला सेटल कराने की बात कहता है. इसके जवाब में बड़े बाबू साफ कहते हैं कि साहब को मोलभाव पसंद नहीं. वह 50 हजार से कम पर बिलकुल नहीं मानेंगे. यह सुनकर कर्मचारी सोमवार तक पचास हजार रुपयों की व्यवस्था करने की बात कहता है. इस वायरल वीडियो पर BSA शैलेश पाण्डेय ने सफाई दी है. उन्होंने कहा कि यह वीडियो उनके संज्ञान में है और उन्होंने इसकी जांच के आदेश दिए हैं.
क्या है मामला?
बीएसए के मुताबिक विभाग में एक सहायक द्वारा किसी शिक्षक से रिश्वत की मांग की गई है. इससे विभाग की छवि धूमिल हुई है. उन्होंने बताया कि मामले की जांच के लिए दो सदस्यीय टीम गठित की है. आरोपी बाबू से लिखित में स्पष्टीकरण भी मांगा गया है. जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई होगी. वहीं बीएसए कार्यालय में तैनात अन्य कर्मचारियों के मुताबिक आरोपी बड़े बाबू यहां लंबे समय से तैनात है और अक्सर इस तरह की सेटिंग करते रहते हैं.
