फतेहपुर लूटकांड में IG का बड़ा एक्शन, लापरवाही पर दो SHO और एक चौकी प्रभारी सस्पेंड
फतेहपुर लूटकांड में IG प्रयागराज के आदेश पर बड़ी कार्रवाई हुई है. मामले में गंभीर लापरवाही बरतने पर दो SHO और एक चौकी प्रभारी को निलंबित कर दिया गया है. आरोप है कि अधिकारियों ने समय पर FIR दर्ज नहीं की, जिससे मामले में देरी हुई. इस कार्रवाई से पुलिस महकमे में हड़कंप है.
फतेहपुर के किशनपुर थाना क्षेत्र में हुई 3.50 लाख रुपये और मोबाइल फोन की लूट की घटना में पुलिस अधिकारियों पर बड़ी कार्रवाई की गई है. प्रयागराज IG ने जांच में लापरवाही पाए जाने पर किशनपुर थानाध्यक्ष, खखरेरू थानाध्यक्ष और विजयीपुर चौकी प्रभारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है. तीनों के खिलाफ विभागीय जांच भी प्रस्तावित की गई है.
मामला 1 जून 2026 की रात करीब 9 बजे का है, जब नर्सिंहपुर निवासी शमशाद पुत्र रहमतुल्ला के साथ अज्ञात बदमाशों ने तमंचा लगाकर करीब 3.50 लाख रुपये और मोबाइल फोन लूट लिया था. घटना की सूचना सबसे पहले विजयीपुर चौकी प्रभारी को मिली. लेकिन मामले को किशनपुर थाना क्षेत्र के बजाय खखरेरू थाना का बताकर पीड़ित को वहां भेज दिया गया.
जीरो FIR दर्ज करा संबंधित थाने को भी नहीं भेजा
जांच में सामने आया कि घटना की सूचना मिलने के बावजूद न तो तत्काल उच्च अधिकारियों को अवगत कराया गया और न ही समय से मुकदमा दर्ज कराया गया. मामले का खुलासा तब हुआ जब 4 जून को दैनिक समाचार पत्र में घटना प्रकाशित हुई. इसके बाद अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञान प्रकाश राय द्वारा की गई जांच में गंभीर लापरवाही उजागर हुई.
आईजी के आदेश पर किशनपुर थानाध्यक्ष बच्चेलाल प्रसाद, विजयीपुर चौकी प्रभारी धीरेंद्र पाण्डेय और खखरेरू थानाध्यक्ष विद्या प्रकाश सिंह पर गाज गिरी है. बच्चेलाल पर आरोप है कि उन्हें 2 जून को घटना की जानकारी दे दी गई थी, लेकिन उन्होंने न तो वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित किया और न ही जीरो एफआईआर दर्ज कराकर संबंधित थाने को भेजा.
तीनों को किया गया पुलिस लाइन फतेहपुर से अटैच
वहीं विजयीपुर चौकी प्रभारी धीरेंद्र पाण्डेय पर आरोप है कि घटनास्थल का निरीक्षण करने के बावजूद उन्होंने घटना की सूचना तत्काल उच्चाधिकारियों तक नहीं पहुंचाई और अगले दिन अपने प्रभारी निरीक्षक को अवगत कराया. इसके कारण समय रहते कानूनी कार्रवाई नहीं हो सकी. इसके अलावा खखरेरू SHO विद्या प्रकाश सिंह पर भी कार्रवाई न करने का आरोप है.
आईजी प्रयागराज ने तीनों अधिकारियों को निलंबित करते हुए पुलिस लाइन फतेहपुर से संबद्ध कर दिया है. साथ ही उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई के आदेश हैं. इस कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मचा हुआ है. लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया गया है कि गंभीर अपराधों में किसी भी स्तर की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
