पिटाई कांड के बाद फिर विवादों में शाहाबाद SDM, अब महिला लेखपाल ने लगाए गंभीर आरोप
हरदोई के शाहाबाद SDM सुशील कुमार मिश्रा एक बार फिर विवादों में हैं. एक महिला लेखपाल ने उन पर अभद्र व्यवहार, जातिसूचक टिप्पणी और छेड़छाड़ के गंभीर आरोप लगाए हैं. अधिवक्ताओं ने प्रदर्शन कर निष्पक्ष जांच की मांग की है. हालांकि, SDM सुशील कुमार मिश्रा ने आरोपों को निराधार बताया है.
हरदोई के शाहाबाद तहसील में तैनात SDM सुशील कुमार मिश्रा एक बार फिर विवादों में आ गए हैं. इस बार तहसील में कार्यरत एक महिला लेखपाल ने उनके खिलाफ अभद्र व्यवहार, जातिसूचक टिप्पणी और छेड़छाड़ जैसे गंभीर आरोप लगाते हुए शाहाबाद कोतवाली में तहरीर दी है. पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है.
महिला लेखपाल का आरोप है कि ड्यूटी के दौरान एसडीएम ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया. उन्होंने विरोध जताया तो कथित तौर पर उनके साथ अनुचित व्यवहार किया गया. इसके बाद उन्होंने अपने अधिवक्ता पिता को तहसील बुलाया. आरोप है कि SDM ने उनके पिता से भी अभद्रता की और जातिसूचक शब्दों का प्रयोग कर चैंबर से बाहर निकलवा दिया.
वकीलों में नाराजगी, SDM ने कही ये बात
इस घटना की जानकारी मिलते ही अधिवक्ताओं में नाराजगी फैल गई. बड़ी संख्या में वकीलों ने तहसील परिसर में प्रदर्शन कर मामले की निष्पक्ष जांच और दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की मांग की. नाराज़ अधिवक्ताओं का कहना है कि अगर मामले में जल्द उचित कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा.
वहीं, एसडीएम सुशील कुमार मिश्रा ने अपने ऊपर लगाए गए सभी आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है. उनका कहना है कि संबंधित महिला लेखपाल अपने कार्यों में रुचि नहीं ले रही थीं और अपनी पसंद की तैनाती की मांग कर रही थीं. उनके अनुसार, इसी मुद्दे को लेकर महिला अपने पिता के साथ पहुंची थीं, जहां बातचीत के दौरान विवाद की स्थिति बन गई.
नए आरोपों के बाद फिर सुर्खियों में SDM
गौरतलब है कि कुछ समय पहले भी निरीक्षण के दौरान एसडीएम सुशील कुमार मिश्रा के साथ मारपीट की घटना चर्चा में रही थी. अब महिला लेखपाल की शिकायत के बाद एक बार फिर उनका नाम विवादों में आ गया है. फिलहाल पुलिस का कहना है कि तहरीर के आधार पर मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है, जांच के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी.
