मुरादाबाद: बसपा के नगर पालिका अध्यक्ष पर 50 लाख रंगदारी मांगने का आरोप, FIR दर्ज
मुरादाबाद में बसपा नेता और नगर पालिका अध्यक्ष इरफान सैफी पर 50 लाख रुपये की रंगदारी मांगने का गंभीर आरोप लगा है. ठाकुरद्वारा के एक ज्वेलर्स ने यह शिकायत दर्ज कराई है. बसपा नेता पर निर्माण कार्य रोकने और जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप है. पुलिस ने मामले में FIR दर्ज कर ली है.
मुरादाबाद थाना क्षेत्र के ठाकुरद्वारा में एक बड़ा विवाद सामने आया है. यहां एक ज्वेलर्स व्यापारी ने नगर पालिका अध्यक्ष और बसपा नेता इरफान सैफी पर 50 लाख रुपये की रंगदारी मांगने का आरोप लगाया है. व्यापारी का कहना है कि पिछले कई महीनों से उन पर दबाव बनाया जा रहा था. पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामले में FIR दर्ज कर ली है.
पूरा मामला ठाकुरद्वारा के बाजार इलाके का है. ज्वेलर्स व्यापारी अवनीश सिंघल अपनी दुकान पर निर्माण कार्य करा रहे थे. उनका आरोप है कि इरफान सैफी और उनके साथियों की तरफ से पिछले करीब चार महीने से उनसे 50 लाख रुपये की मांग की जा रही थी. पैसे न देने पर बार-बार काम रुकवाने और परेशानी से वह मानसिक रूप से भी काफी अहत थे.
पैसे नहीं मिले तो दुकान के सामने रखवा दिए खोखा
पीड़ित व्यापारी अवनीश सिंघल ने तहरीर में कहा कि उनकी दुकान 25 सालों से कोतवाली के सामने कस्वा और थाना ठाकुरद्वारा में स्थित है. वर्षा के कारण दुकान में पानी टपक रही थी, जिसकी मरम्मत का कार्य कराया जा रहा है. लेकिन इसके लिए पिछले चार महीनों से इरफान सैफी और उसके साथियों पचास लाख रुपये रंगदारी के मांगे जा रहे हैं.
उनका कहना है कि वह इसको लेकर चार महीनों से मानसिक रूप से परेशान हैं. और नगर पालिका अध्यक्ष को रंगदारी देने की स्थिति में नहीं हैं. इस बीच इरफान सैफी ने 2 मई की सुबह अपने कर्मियों को भेजकर कहलवाया कि आज पैसे नहीं मिले तो
दुकान के सामने निर्माण या खोखा रखवा दूंगा और जान लेने की धमकी दी. साथ ही शाम में टिन का खोखा रखवा दिया.
BNS की गंभीर धाराओं में बसपा नेता पर मुकदमा दर्ज
हालांकि, बाद में बाजार के अन्य दुकानदारों के विरोध करने पर खोखा हटा लिए. उन्होंने थाने में तहरीर देकर नगर पालिका अध्यक्ष और उनके सहयोगियों के खिलाफ कानूनी कार्यवाही करने की मांग की. वहीं शिकायत के आधार पर ठाकुरद्वारा थाने में बसपा नेता इरफान सैफी और उनके साथियों पर BNS की धारा 308(2) और 351(3) में मुकदमा दर्ज हुआ है.
