ब्रोकर से महिला ने 34 लाख में खरीदे 6 प्लॉट, मगर हो गया खेल… MDA के नाम पर गजब का फर्जीवाड़ा
मुरादाबाद में एक महिला से एमडीए के 6 सस्ते प्लॉट दिलाने के नाम पर 34 लाख रुपये ठग लिए. पीड़िता को झांसा देने वाला मुख्य आरोपी ने खुद को एमडीए के एक बड़े अधिकारी का करीबी बताता था.
मुरादाबाद विकास प्राधिकरण (एमडीए) के छह आवासीय प्लॉट बेहद सस्ते दामों पर दिलाने का लालच देकर एक महिला से लाखों रुपये हड़प लिए गए. जालसाजों ने पीड़िता को अपने जाल में फंसाकर कुल 34.19 लाख रुपये की बड़ी रकम ऐंठी है. ठगी की शिकार महिला मझोला थाना इलाके के आजाद नगर इलाके की निवासी यासमीन जहरा हैं, जिनके पति जीशान हैदर में दुबई में रहकर नौकरी करते हैं. पीड़िता ने अब इस मामले में शिकायत दर्ज कराई है.
खुद को बड़े अधिकारी का करीबी बताता था जालसाज
पीड़िता को झांसा देने के लिए मुख्य आरोपी ने खुद को एमडीए के एक बड़े अधिकारी का करीबी बताया था. आरोपियों ने महिला का विश्वास जीतने के लिए बकायदा फर्जी आवंटन पत्र और कब्जा पत्र भी तैयार करके उसे सौंप दिए थे, जिससे महिला को किसी तरह का शक न हो. हालांकि, जब पीड़िता ने खुद जमीन पर निर्माण कार्य होते देखा और बाद में सरकारी दफ्तर जाकर उन दस्तावेजों की सच्चाई जानी, तो उसके पैरों तले जमीन खिसक गई.
महिला को थमा दिया फेक डॉक्यूमेंट
सरकारी रिकॉर्ड में वे सभी कागजात पूरी तरह से फर्जी और कूटरचित पाए गए हैं. ठगी का अहसास होने पर पीड़िता ने तुरंत पुलिस की शरण ली है. मझोला थाना पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए पीड़ित महिला की तहरीर के आधार पर नामजद आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज कर मामले की छानबीन शुरू कर दी है.
एमडीए का 6 सस्ते प्लॉट दिलाने का वादा
महिला द्वारा पुलिस को दी गई शिकायत में बताया, करीब पांच साल पहले उसके पड़ोस में रहने वाले फरमान रजा उर्फ बाबू ने उसकी मुलाकात संभल जिले के हजरतनगर गढ़ी थाना इलके (सदात सराय सिरसी) के रहने वाले मारूफ नाम के व्यक्ति से कराई थी. फरमान ने दावा किया था कि मारूफ एमडीए के एक रसूखदार अधिकारी की गाड़ी चलाता है, जिसके कारण उसकी विभाग में अच्छी पैठ है और वह आजाद नगर में एमडीए के छह प्लॉट बेहद कम कीमत पर दिलवा सकता है.
ऐसे खुली पोल
झांसे में आकर महिला ने शुरुआत में मारूफ को 12 लाख रुपये नकद दे दिए थे. इसके बाद, फरमान ने बीते दो वर्षों के दौरान किस्तों में धीरे-धीरे करके महिला से कुल 24 लाख रुपये और वसूल लिए. रकम पूरी होने पर आरोपियों ने महिला को फर्जी कागजात थमा दिए थे. जुलाई 2024 में जब महिला ने एक प्लॉट पर कंस्ट्रक्शन होते देखा, तो आरोपियों ने उसे यह कहकर गुमराह किया कि एमडीए खुद इसे बनाकर उसे देने वाला है.
बाद में जब महिला ने एमडीए कार्यालय में पड़ताल की, तो जालसाजी पकड़ी गई है, विरोध करने पर फरमान के बड़े भाई इमरान ने फोन पर महिला को धमकी भी दी है. पुलिस ने महिला की रिपोर्ट दर्ज कर ली है और आरोपियों की तलाश की जा रही है. पुलिस का कहना है जल्द ही आरोपियों को पकड़ लिया जाएगा.
अधिकारिक वेबसाइट और कार्यालय पर ही करें भरोसा
मुरादाबाद विकास प्राधिकरण (एमडीए) के नाम पर होने वाली धोखाधड़ी से बचने के लिए जनता को आधिकारिक और पारदर्शी प्रक्रिया का ही पालन करना चाहिए. एमडीए से प्लॉट या मकान खरीदने के लिए किसी तीसरे व्यक्ति या बिचौलिए के झांसे में आने की बिल्कुल जरूरत नहीं है. आप प्राधिकरण आधिकारिक वेबसाइट या दिल्ली रोड स्थित कार्यालय के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं. प्राधिकरण समय-समय पर अटलपुरम या गोविंदपुरम जैसी आवासीय योजनाएं निकालता है, जिनकी विस्तृत जानकारी ब्रोशर के जरिए मिलती है, जिसका शुल्क लगभग 1,500 रुपये होता है.
आवेदन के लिए इच्छुक खरीदारों को जनहित यू०पी०डी०ए पोर्टल (Janhit UPDA Portal) पर ऑनलाइन या नामित बैंकों के माध्यम से ऑफलाइन पंजीकरण कराना होता है. इसके साथ ही प्लॉट की कुल कीमत का 5% से 10% तक अग्रिम पंजीकरण राशि (EMD) के रूप में जमा करना अनिवार्य है. आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद, एमडीए द्वारा पूरी पारदर्शिता के साथ ड्रॉ या ई-नीलामी (E-Auction) का आयोजन किया जाता है. यदि आपका नाम आवंटन सूची में आ जाता है, तो बाकी बची हुई धनराशि को तय समय के भीतर किश्तों में या एकमुश्त जमा करके आप प्लॉट के मालिक बन सकते हैं.
