ये दूल्हा जीवन भर भूल नहीं पाएगा रेलवे का एहसान, ट्रेन में भूलकर छोड़ आया शेरवानी-पगड़ी; फिर क्या हुआ?
बारात पहुंची ही थी कि पता चला कि दूल्हे की शेरवानी-पगड़ी ट्रेन में छूट गई. यह सुनकर हड़कंप मच गया. शादी रुक गई. फिर दूल्हे ने तुरंत रेलवे कंट्रोल रूम को सूचना दी. ग्वालियर आरपीएफ ने तेजी से कार्रवाई करते हुए यार्ड में खड़ी ट्रेन से बैग ढूंढ निकाला. आरपीएफ की मदद से दूल्हे को समय पर सामान मिला और उसकी शादी सफलतापूर्वक संपन्न हुई. यह घटना उत्तर प्रदेश के झांसी में हुई, जहां आरपीएफ के सहयोग से एक अनोखी खुशी लौटी.
बारात दुल्हन के दरवाजे पर पहुंच गई थी. शादी की रस्म शुरू ही होने वाले थे, तभी पता चला कि दूल्हे की शेरवानी और पकड़ी गायब हो गई है. यह सुनते ही दूल्हे के तो होश ही उड़ गए. उसके परिवार वाले भी परेशान हो गए. आखिर ऐन मौके पर दूसरी शेरवानी और पगड़ी की व्यवस्था कैसे हो. घर वाले दूल्हे पर ही दबाव बना रहे थे और पूछ रहे थे कि शेरवानी पगड़ी कहां है. तभी दूल्हे को ध्यान आया कि शेरवानी का बैग तो ट्रेन में ही रह गया.
तुरंत दुल्हे ने फोन निकाला और रेलवे के कंट्रोल रूम में कॉल किया. बताया कि इस शेरवानी और पगड़ी की वजह से उसकी शादी रूकी हुई है और मुहुर्त निकला जा रहा है. रेलवे कंट्रोल रूम ने भी दूल्हे को दर्द को समझा और तुरंत मामला आरपीएफ को हैंडओवर किया गया. इसके बाद महज कुछ मिनटों में आरपीएफ ने दूल्हे का शेरवानी वाला बैग ढूंढ निकाला. इसके बाद दूल्हे के परिजनों ने रेलवे स्टेशन से उसे कलेक्ट किया है. इसके बाद शादी की रस्में पूरी हुई.
झांसी का है मामला
मामला उत्तरप प्रदेश में झांसी का है. उत्तर प्रदेश में बलरामपुर निवासी युवक अमन कुमार की शादी झांसी में तय हुई थी. वह ट्रेन से ग्वालियर पहुंचे और जल्दबाजी में उसी ट्रेन में अपना बैग छोड़कर झांसी जाने वाली दूसरी ट्रेन में बैठ गए. कुछ देर में ट्रेन झांसी पहुंच गई, लेकिन तभी पता चला कि जिस बैग में शेरवानी, पकड़ी और शादी के अन्य जरूरी सामान रखे थे, वो गायब है. इस खबर से दूल्हे और उसके परिवार वालों के पैरों तले जमीन खिसक गई. यह सारा सामान दूल्हे की ही निगरानी में रखा था.
आरपीएफ ने लौटाई खुशी
इसके बाद दूल्हे ने रेलवे कंट्रोल रूम में फोन कर शिकायत दर्ज कराई. इस शिकायत पर हरकत में आई ग्वालियर आरपीएफ यूनिट ने पड़ताल किया तो पता चला कि ट्रेन यार्ड में खड़ी है. इसके बाद यार्ड में दूल्हे के बर्थ के नीचे से वह बैग बरामद कर आरपीएफ ने दूल्हे को सूचित किया. इसके बाद दूल्हे के परिजनों ने स्टेशन से बैग कलेक्ट किया. इसके बाद शादी की बाकी रस्मों को पूरा किया जा सका. दूल्हे ने आरपीएफ टीम को इस सहयोग के लिए आभार प्रकट किया है.
