ब्लैक THAR के सपने ने बनाया चोर! चार नाबालिग दोस्तों ने पड़ोसी के 20 लाख उड़ाए; 24 घंटे में खुली पोल
ग्रेटर नोएडा के जेवर में काली थार खरीदने के जुनून में चार नाबालिगों को चोर बनने पर मजबूर कर दिया. चार दोस्तों ने इसके लिए पड़ोसी के घर से 20 लाख रुपये चुरा लिए. पीड़ित परिवार ने जमीन बेचकर यह रकम अलमारी में रखी थी. पुलिस ने महज 24 घंटे में पूरी चोरी की गई राशि बरामद कर ली.
ग्रेटर नोएडा के जेवर कोतवाली क्षेत्र के जेवर कस्बे में एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. जहां चार नाबालिग दोस्तों ने ब्लैक THAR खरीदने के लिए पड़ोसी के घर से 20 लाख रुपये चुरा लिए. पीड़ित परिवार ने जमीन बेचकर यह रकम अलमारी में रखी थी. पुलिस ने महज 24 घंटे के अंदर मामले का खुलासा करते हुए आरोपियों को हिरासत में ले लिया.
इस सनसनी खेज चोरी के पीछे किसी पेशेवर गैंग का हाथ नहीं बल्कि पीड़ित के ही पड़ोस में रहने वाले चार नाबालिग बच्चों का हाथ निकला. पुलिस ने चारों बाल अपचारियों को अभिरक्षा में लेकर चोरी की पूरी रकम बरामद कर ली है. चारों नाबालिगों ने घर को सुना पाकर निशाना बनाया और अलमारी तोड़कर पूरे पैसे निकाल कर मौके से फरार हो गए थे.
CCTV कैमरो की फुटेज में नाबालिगों की खुली पोल
पुलिस के अनुसार, पीड़ित ने हाल ही में अपनी जमीन बेची थी जिसे प्राप्त 20 लाख रुपए घर के अलमारी में रखे गए थे. घटना वाले दिन पीड़ित परिवार घर पर मौजूद नहीं था. जब परिवार वापस लौटा तो पूरी अलमारी खाली मिली, जिसके बाद इसकी सूचना तुरंत 112 पर पुलिस को दी गई. पुलिस ने दो टीम बनाकर मामले में छानबीन शुरू की थी.
ग्रेटर नोएडा के एडिशनल डीसीपी सुधीर कुमार ने बताया कि मामले का खुलासा करने के लिए दो टीमों का गठन किया गया, साथ ही आसपास लगे सीसीटीवी कैमरो की फुटेज खंगाली गई जिसमें कुछ संदिग्ध नाबालिग बच्चों की गतिविधियां सामने आई थी. फुटेज और तकनीकी साक्ष्य के आधार पर पुलिस ने 24 घंटे के भीतर चारों नाबालिग को हिरासत में ले लिया.
काले रंग की थार बहुत पसंद थी, पूछताछ में बताया
ADCP ने आगे बताया कि हिरासत में लेने के बाद चारों नाबालिग ने पूछताछ के दौरान अपना जुर्म कबूल लिया, तब जाकर चोरी की पूरी कहानी सामने आई. नाबालिक ने बताया कि उन्हें काले रंग की थार बहुत पसंद थी, इसी के सपने ने उन्हें गलत रास्ते पर धकेल दिया. थार खरीदने के लिए पैसों की जरूरत के चलते उन्होंने चोरी जैसा गंभीर अपराध कर डाला.
पुलिस ने संवेदनशीलता के साथ पूछताछ करते हुए पूरी रकम बरामद कर ली है. इतनी बड़ी रकम की सुरक्षित बरामदगी के बाद पीड़ित परिवार ने राहत की सांस ली है. साथ ही हैरान भी है की जिन बच्चों को वह रोज देखते हैं, वही इस बड़ी चोरी के पीछे निकले. पुलिस ने मामले में किशोर न्याय अधिनियम के तहत आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है.
