SDM कोर्ट से मुकदमे की फाइल गायब! पूर्व पेशकार पर FIR दर्ज, UP की इस तहसील में मचा हड़कंप
उत्तर प्रदेश के बरेली की फरीदपुर तहसील से एक महत्वपूर्ण अदालती फाइल गायब हो गई है. इस मामले में पूर्व पेशकार कामरान अली के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है. आरोप है कि उन्होंने स्थानांतरण के दौरान फाइल का सही हस्तांतरण नहीं किया. फाइल गायब होने से न्यायिक प्रक्रिया और संबंधित मामलों की सुनवाई प्रभावित हो रही है. पुलिस अब जांच में जुटी है कि फाइल लापरवाही से खोई या जानबूझकर हटाई गई.
उत्तर प्रदेश के बरेली की फरीदपुर तहसील के कोर्ट रूम से एक मुकदमे की फाइल गायब हो गई है. मामले का खुलासा होने के बाद प्रशासन और पुलिस में हलचल मच गई. आनन फानन में पूर्व में यहां पेशकार रहे एक कर्मचारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर लिया गया. आरोप है कि स्थानांतरण के समय आरोपी पेशकार ने पत्रावली का सही तरीके से हस्तांतरण नहीं किया. इस घटना से न्यायालय के कामकाज पर भी असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है.
मामला एसडीएम कोर्ट फरीदपुर का है. पुलिस को दी गई शिकायत में बताया गया है कि मुकदमे की फाइल पहले तत्कालीन पेशकार एवं फौजदारी अहलमद कामरान अली के पास थी. बाद में उनका स्थानांतरण हो गया, लेकिन चार्ज बदलते समय उन्होंने यह महत्वपूर्ण पत्रावली नए पटल सहायक को नहीं सौंपी. ऐसे में जब न्यायालय के रिकॉर्ड का मिलान किया गया तो यह पत्रावली गायब मिली.
मामले की सुनवाई पर असर
कोर्ट कर्मचारियों ने पहले कार्यालय स्तर पर फाइल की तलाश कराई, रिकॉर्ड रूम, संबंधित शाखाओं और अन्य स्थानों पर भी खोजबीन की गई. जब पत्रावली कहीं नहीं मिली तो पुलिस को सूचना दी गई. शिकायत में कहा गया है कि गायब हुई वाद पत्रावली न्यायालय के लिए बेहद महत्वपूर्ण थी. इसमें ऐसे दस्तावेज मौजूद थे, जिनकी जरूरत न्यायिक प्रक्रिया के दौरान पड़ती है. पत्रावली उपलब्ध न होने की वजह से संबंधित वाद की सुनवाई और अन्य प्रशासनिक कार्रवाई प्रभावित होने की आशंका है.
जांच में जुटी पुलिस
तहरीर मिलने के बाद फरीदपुर कोतवाली पुलिस ने पूर्व पेशकार कामरान अली के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि पत्रावली आखिर कहां गई, वह लापरवाही में गायब हुई या फिर उसे जानबूझकर रिकॉर्ड से अलग किया गया. जांच के दौरान स्थानांतरण से जुड़े दस्तावेज, चार्ज सूची और न्यायालय के रिकॉर्ड भी खंगाले जा रहे हैं. फरीदपुर सीओ संदीप सिंह का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है.
