बस्ती शादी कांड: मासूम को तंदूर में झोंकने वाले 2 आरोपी गिरफ्तार, भेजा गया जेल
बस्ती के एक शादी समारोह में 11 वर्षीय बच्चे को तंदूर में झुलसाने के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है. मासूम को बार-बार रसगुल्ला निकलने पर कारीगर ने तंदूर में फेंक दिया था. यह हृदय विदारक घटना क्षेत्र में तनाव का कारण बनी है. अब जांच की जा रही है कि यह हादसा था या साजिश.
बस्ती जनपद के थाना छावनी अंतर्गत ग्राम मलौली गोसाईं में एक शादी समारोह के दौरान 11 वर्षीय मासूम बच्चे को तंदूर में फेंक दिया गया था. इस हृदय विदारक घटना में मासूम बूरी तरह से झुलस गया, जिसे इलाज के लिए लखनऊ रेफर किया गया है. वहीं, पुलिस टीम ने शुक्रवार को घटना के जिम्मेदार दो नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.
इस घटना में 11 वर्षीय अमर गंभीर रूप से झुलस गया था, जिसके बाद से क्षेत्र में तनाव और आक्रोश का माहौल बना हुआ था. पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर त्वरित कार्रवाई करते हुए फॉरेंसिक टीम ने साक्ष्य जुटाए. साथ ही छावनी थाना क्षेत्र के जमौलिया कट के पास से दोनों नामजद आरोपी को दबोचा गया है. अब जांच की जा रही है कि यह हादसा था या साजिश.
रसगुल्ला निकालने पर तंदूर संचालकों की क्रूरता
जानकारी के अनुसार, मलौली गोसाईं निवासी देवी प्रसाद निषाद ने थाने में तहरीर देकर आरोप लगाया था कि उनका 11 वर्षीय पुत्र अमर निषाद एक शादी कार्यक्रम में गया था. मासूम बार-बार रसगुल्ला निकाल रहा था, गुस्से में तंदूर संचालकों ने उसे जलती भट्टी पर बैठा दिया, और मासूम अमर अचानक धधकते तंदूर में जा गिरा, और बुरी तरह झुलस गया.
आनन-फानन में घायल बच्चे को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी स्थिति गंभीर बनी हुई है. मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक बस्ती के निर्देश पर तत्काल मुकदमा पंजीकृत किया गया था. एडिशनल एसपी श्यामाकांत के नेतृत्व में पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का मुआयना किया और साक्ष्य एकत्रित किए थे.
जमौलिया कट के पास से आरोपी गिरफ्तार, जेल
वहीं, शुक्रवार को सटीक सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर घटना के वांछित अभियुक्तों लाल जी निषाद (35 वर्ष) और रमेश निषाद (27 वर्ष) को जमौलिया कट के पास से गिरफ्तार कर लिया. परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों के बाद पुलिस अब इस बात की गहनता से जांच कर रही है कि यह घटना महज एक हादसा था या इसके पीछे कोई रंजिश या क्रूरता है.
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि विवेचना के दौरान जो भी नए तथ्य और साक्ष्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आरोपियों के खिलाफ कठोरतम विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी. फिलहाल इस मामले में दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया है. इस घटना ने एक बार फिर वैवाहिक कार्यक्रमों में सुरक्षा मानकों की पोल खोल दी है, जो आए दिन हादसे में बदल जाते हैं.
