एक हफ्ता, दो कांड… रडार पर बड़े नाम… कानपुर किडनी और सेक्स रैकेट केस में पिक्चर अभी बाकी है!
कानपुर में एक हफ्ते के अंदर दो बड़े अपराध का खुलासा हुआ है. एक ओर जहां अवैध रूप से किडनी ट्रांसप्लांट करने का बड़ा रैकेट सामने आया है. तो दूसरी एक बड़े सेक्स रैकेट का खुलासा हुआ.फिलहाल, इन दोनों मामलों में पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है. लेकिन अधिकारियों का कहना है कि इसमें अभी बड़े खुलासे सामने आ सकते हैं.
कानपुर में एक हफ्ते के अंदर दो ऐसे बड़े कांड सामने आए जिसने शहर के साथ पूरे प्रदेश को हिलाकर रख दिया. दोनों ही कांड में पुलिस को कुछ सफलता जरूर मिली है लेकिन अभी बहुत से खुलासे होने बाकी है. दोनों ही कांड के तार सिर्फ कानपुर नहीं बल्कि देश के कई प्रदेशों से जुड़े हुए है. ऐसे में खुद पुलिस का भी मानना है, “पिक्चर अभी बाकी है….”
किडनी कांड का बड़ा खुलासा
कानपुर में अवैध रूप से किडनी ट्रांसप्लांट करने का बड़ा रैकेट चल रहा होगा ऐसा किसी ने सोचा भी नहीं था. अपने को एमबीए छात्र बताने वाले आयुष को किडनी देने के लिए शहर के आहूजा अस्पताल में भर्ती की गया. बात तय हुई तकरीबन 9 लाख रुपए में लेकिन मिले सिर्फ 3 लाख. ऐसे में किडनी देने वाले आयुष और गैंग के बीच झगड़ा हो गया और मामला पुलिस तक पहुंच गया.
जब मामला खुला तो पुलिस के भी होश उड़ गए क्योंकि इस गैंग में ना सिर्फ कानपुर बल्कि लखनऊ, एनसीआर, उत्तराखंड समेत कई शहरों के डॉक्टर शामिल थे. डॉक्टर्स के अलावा कई तकनीशियन भी शामिल थे. रैकेट से संबंधित कई वीडियो भी वायरल हुए जिसके बाद जांच का दायरा बढ़ता गया. सबसे चौंकाने वाली बात यह पता चली कि यह गैंग गेमिंग ऐप के माध्यम से लोगों को फंसा कर किडनी बेचने के लिए मजबूर करता था.
कानपुर में डोनर आयुष जो पहले खुद को पीड़ित बता रहा था उसके ऊपर भी पुलिस को अंदेशा है कि वो गेमिंग गैंग से जुड़ा हुआ हो सकता है. इस मामले में पुलिस कई डॉक्टर्स समेत 8 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है और कुछ बड़े हॉस्पिटल और डॉक्टर्स रडार पर है.
सेक्स रैकेट के बड़े गैंग का खुलासा
किडनी कांड की जांच अभी चल ही रही थी कि एक और कांड ने कानपुर में हड़कंप मचा दिया. बंगाल से आई एक युवती ने बताया कि उसको नौकरी का झांसा देकर कानपुर बुलाया गया और वेश्यावृत्ति के धंधे में उतार दिया गया. युवती के अनुसार उसके जैसी दर्जनों युवतियां है जिनको होटल में सप्लाई किया जाता है.
तकरीबन 20 होटल की लिस्ट भी पुलिस को मिली और इसका मुख्य आरोपी रोहित वर्मा बताया गया. रोहित एक यूट्यूब न्यूज चैनल चलाता था. पुलिस के मुकदमा दर्ज करते हुए रोहित को गिरफ्तार कर लिया और जेल भेज दिया. इस मामले ने तब और तूल पकड़ लिया जब रोहित का एक किशोर को हैवानियत से मारते हुए और उसके ऊपर पेशाब करते हुए वीडियो वायरल हुआ.
यही नहीं, बल्कि रोहित के जन्मदिन पर कुछ पुलिसकर्मी भी शामिल हुए. इससे जुड़ा एक वीडियो भी वायरल हुआ है. वीडियो में शामिल पुलिस कर्मियों की भी पहचान कर ली गई है. पुलिस ने सभी वीडियो को भी जांच में शामिल कर लिया है. जन्मदिन की पार्टी में शामिल पुलिसकर्मियों को सस्पेंड भी कर दिया गया है.
पिक्चर अभी बाकी है….
वैसे तो दोनों मामलों में पुलिस ने कार्यवाही की है लेकिन अभी बहुत बड़े खुलासे होने बाकी है. पुलिस के आलाधिकारियों का मानना है कि किडनी कांड में देश के कई बड़े हॉस्पिटल और डॉक्टर्स भी शामिल है जिनका नाम सामने आया है. जांच में पुख्ता सबूत मिलने के बाद ही उनके नामों का खुलासा किया जाएगा.
इसके साथ ही अधिकारियों का यह भी मानना है कि सेक्स रैकेट कांड में कई बड़े होटल और ग्राहक के रूप में शहर के कई बड़े सफेदपोशों के नाम सामने आ रहे है लेकिन इसमें भी जांच के बाद अगर पुख्ता सबूत मिलते है तभी नामों का खुलासा किया जाएगा. फिलहाल यह माना जा सकता है कि दोनों ही मामलों में पिक्चर अभी बाकी है.