लखनऊ को मिलेगी जाम से मुक्ति, शहीद पथ पर जल्द बनेगी 23 KM लंबी एलिवेटेड रोड, राजनाथ सिंह ने गडकरी को लिखा पत्र
शहीद पथ राजधानी के पूर्वी, दक्षिणी और पश्चिमी हिस्सों को जोड़ने वाला प्रमुख मार्ग है. बीते कुछ वर्षों में इस मार्ग पर यातायात का दबाव कई गुना बढ़ गया है. ऐसे में कामता, चिनहट, अहिमामऊ, अर्जुनगंज और अन्य प्रमुख चौराहों पर पीक ऑवर्स के दौरान लंबा जाम लग जाता है. इस स्थिति से बचाने के लिए शहीद पथ पर 23 किलोमीटर लंबी एलिवेटेड रोड के निर्माण की तैयारी चल रही है.
लखनऊ में तेजी से बढ़ती आबादी और वाहनों के लगातार बढ़ते दबाव को देखते हुए शहर के सबसे व्यस्त यातायात कॉरिडोर शहीद पथ पर जल्द ही एलिवेटेड रोड निर्माण की शुरुआत की जा सकती है. इसके लिए लखनऊ के सांसद राजनाथ सिंह ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी को पत्र लिखकर शहीद पथ पर एलिवेटेड रोड निर्माण का प्रस्ताव दिया है.
दरअसल, शहीद पथ राजधानी के पूर्वी, दक्षिणी और पश्चिमी हिस्सों को जोड़ने वाला प्रमुख मार्ग है. बीते कुछ वर्षों में इस मार्ग पर यातायात का दबाव कई गुना बढ़ गया है. कामता, चिनहट, अहिमामऊ, अर्जुनगंज और अन्य प्रमुख चौराहों पर पीक ऑवर्स के दौरान लंबा जाम आम बात हो गई है. कई बार वाहन चालकों को घंटों तक ट्रैफिक में फंसे रहना पड़ता है.
23 किलोमीटर लंबी एलिवेटेड रोड बनाने की तैयारी
इसी समस्या के स्थायी समाधान के लिए करीब 23 किलोमीटर लंबी एलिवेटेड रोड बनाने की योजना पर काम शुरू कर दिया गया है. अधिकारियों के अनुसार यह एलिवेटेड रोड शहीद पथ के ऊपर या उसके समानांतर विकसित की जा सकती है. परियोजना को लेकर भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने प्रारंभिक स्तर पर अध्ययन और प्रस्ताव तैयार करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
एलडीए को डीपीआर तैयार करने की मिल सकती है जिम्मेदारी
परियोजना की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने की जिम्मेदारी लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) को सौंपी जा सकती है. डीपीआर तैयार होने के बाद परियोजना की लागत, डिजाइन, निर्माण मॉडल और समयसीमा को अंतिम रूप दिया जाएगा.
एलिवेटेड रोड बनने से यात्रा में समय की भी होगी बचत
एलिवेटेड रोड बनने के बाद शहीद पथ पर ट्रैफिक का दबाव काफी हद तक कम होगा. इससे शहर के पूर्वी और दक्षिणी इलाकों के बीच आवागमन तेज और सुगम होगा. साथ ही आने वाले वर्षों में बढ़ने वाले यातायात भार को संभालने में भी मदद मिलेगी.
एलिवेटे रोड बना तो जाम से मिलेगी राहत
राजधानी में मेट्रो विस्तार और नई सड़क परियोजनाओं के बीच शहीद पथ एलिवेटेड रोड को लखनऊ के भविष्य के इंफ्रास्ट्रक्चर की महत्वपूर्ण परियोजना माना जा रहा है. यदि प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है तो यह परियोजना शहर की यातायात व्यवस्था में बड़ा बदलाव ला सकती है और लाखों लोगों को रोजाना लगने वाले जाम से राहत मिल सकती है.