यूपी में बकरीद की छुट्टी आज या कल? योगी सरकार ने दूर किया कन्फयूजन
बकरीद की छुट्टी को लेकर लोगों में भारी कंफ्यूजन है. ऐसे में योगी सरकार ने इस कंफ्यूजन को दूर कर दिया है. योगी सरकार ने इस्लामिक कैलेंडर और चांद दिखने की स्थिति को देखते हुए बकरीद के अवकाश की तारीख में बदलाव किया है. इसको लेकर शासन ने आदेश भी जारी कर दिया है.
उत्तर प्रदेश में ईद-उल-अजहा यानी बकरीद की छुट्टी के लिए बड़ा अपडेट है. अब 27 मई की जगह बकरीद की छुट्टी 28 मई को होगी.उत्तर प्रदेश शासन की तरफ से इसके लिए संशोधित आदेश भी जारी कर दिया गया है.आदेश में कहा गया है कि पहले बकरीद की छुट्टी 27 मई को तय की गई थी. लेकिन अब इस्लामिक कैलेंडर और चांद दिखने की स्थिति को देखते हुए इसे एक दिन आगे कर दिया गया है.
योगी सरकार ने अपने आदेश में स्पष्ट तौर पर कहा है कि अब 28 मई 2026 (गुरुवार) को ईद-उल-अजहा (बकरीद) के अवसर पर पूरे प्रदेश में सार्वजनिक छु्ट्टी रहेगी. शासन ने 17 नवंबर 2025 को जारी अपने पूर्व आदेश में भी इसको लेकर संशोधन कर लिया है.
इस्लामी कैलेंडर के अंतिम महीने में मनाया जाता है बकरीद
बता दें कि बकरीद का त्योहार इस्लामिक कैलेंडर के अंतिम महीने ज़िलहिज्जा की 10वीं तारीख को मनाया जाता है. यह त्योहार कुर्बानी पर्व के तौर पर जाना जाता है. ईद उल अजहा से पहले जमाती ए उलेमा ए हिंद के अध्यक्ष मौलाना अरशद मदनी ने देश के मुसलमान से कुर्बानी को लेकर बड़ी अपील की है. उन्होंने कहा कि इस्लाम में कुर्बानी का कोई विकल्प नहीं है.
मौलाना अरशद मदनी ने की ये अपील
मौलाना अरशद मदनी ने कहा कि हर सक्षम मुस्लिम का यह धार्मिक कर्तव्य है कि वह कुर्बानी करे. लेकिन सरकार द्वारा जारी नियमों और प्रशासनिक आदेशों का पालन करना भी जरूरी है. बेहद सावधानी और जिम्मेदारी के साथ कुर्बानी करनी चाहिए. पूरी कोशिश करनी चाहिए कि किसी भी प्रकार का विवाद या तनाव पैदा ना हो.
‘जिन जानवरों की कुर्बानी पर प्रतिबंध है, उनकी कुर्बानी बिल्कुल ना करें’
मौलाना मदनी ने कहा कि देश में जिन जानवरों की कुर्बानी पर प्रतिबंध है, उनकी कुर्बानी बिल्कुल ना की जाए. उन्होंने साफ तौर पर कहा कि मजहब में किसी अन्य जानवरों की कुर्बानी की अनुमति नहीं है. इसलिए विवाद से बचने के लिए कानून और प्रशासन के निर्देशों का पालन जरूरी है. साथ ही उन्होंने सोशल मीडिया पर कुर्बानी-संबंधित वीडियो ना डालने की अपील भी की है.
