धर्मांतरण केस: अपर्णा यादव पर FIR कराने की तैयारी में KGMU, CM ने किया तलब… गर्वनर से मिलेंगी VC

लखनऊ के KGMU में जबरन धर्मांतरण का मामला हाई वोल्टेज ड्रामा में बदल गया है. राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव ने KGMU में विरोध प्रदर्शन किया, जमकर तोड़फोड़ भी हुई. अब KGMU प्रशासन ने अपर्णा यादव पर FIR की बात कही है. वहीं मुख्यमंत्री योगी ने अपर्णा यादव को तलब किया है.

अपर्णा यादव पर FIR कराने की तैयारी में KGMU

लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) में ‘लव जिहाद’ और धर्मांतरण के आरोपों से जुड़ा मामला अब हाई वोल्टेज ड्रामा में बदल गया है. राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव ने शुक्रवार को अपने समर्थकों के साथ KGMU में प्रदर्शन किया. जमकर तोड़फोड़ भी की गई. वहीं, इस मामले को KGMU प्रशासन ने आड़े हाथों लिया है.

अपर्णा यादव का कहना है कि वह कुलपति प्रो. सोनिया नित्यानंद से मिलकर मामले की जानकारी लेना चाहती थी. लेकिन उन्हें चैंबर के बाहर करीब 10 मिनट तक खड़ा रहना पड़ा, कोई अधिकारी उनसे मिलने नहीं आया. उन्होंने KGMU प्रशासन पर आरोपी को बचाने की कोशिश का भी आरोप लगाया. अब KGMU अपर्णा यादव पर मुकदमा दर्ज कराने की तैयारी में है.

बिना किसी सूचना पर मिलने पहुंची अपर्णा यादव

KGMU प्रशासन ने अपर्णा यादव मामले में एक प्रेस रिलीज जारी कर मुकदमा दर्ज कराने की बात कही है. इसमें कहा गया कि आरोपी सीनियर रेजिडेंट डॉ. रमीजुद्दीन नायक (उर्फ रमीज मलिक) के मामले में गंभीरता से विशाखा कमेटी को जांच सौंपी गई, 15 दिन में रिपोर्ट भी आई, जिसपर कुलपकत प्रो. सोकनया कनत्यानदं ने आरोपी का दाखिला रद्द करने का फैसला लिया.

साथ ही प्रेस में हर एक सवाल के जवाब दिए गए. लेकिन इसके बाद कुलपति के चैंबर के बाहर अचानक भीड़ जमा होने लगा. अपर्णा यादव बिना किसी पूर्व सूचना के अपने समर्थकों के साथ परिसर में दाखिल हो गई. फिर भी कुलपति ने उन्हें अकेले चैंबर में मिलने को कहा, लेकिन वह अपने 200 समर्थकों के साथ मिलने पर अड़ी रहीं.

KGMU की VC ने राज्यपाल से मिलने का वक्त मांगा

KGMU प्रशासन का आरोप है कि इस दौरान भीड़ जबरन कुलपति के कार्यालय में घुस गए. प्रशासनिक कक्षों पर कब्जा कर लिया गया और तोड़-फोड़ के साथ नारेबाजी शुरू कर दी. गंभीर स्थिति को देखते हुए अधिकारियों ने कुलपति को सही सलामत सुरक्षित स्थान पर पहुंचा और राज्यपाल, मुख्यमंत्री समेत उपमुख्यमंत्री कार्यालय को जानकारी दी गई.

इसके बाद परिसर में भारी पुलिस फोर्स तैनात कर भीड़ पर काबू पाया गया. लेकिन इससे परिसर में चल रहे परिक्षा देने वाले छात्र और कर्मचारी आहत हुए. KGMU का कहना है कि अगर अपर्णा यादव को विशाखा कमेटी पर चर्चा करनी थी तो उन्होंने इसकी पहले सूचना क्यों नहीं दी. वहीं, अब वीसी डॉ नित्यानंद सोनिया ने राज्यपाल से मिलने का वक़्त मांगा हैं.

मुख्यमंत्री योगी ने अपर्णा यादव को तलब किया

वही, KGMU में घटना के बाद डॉक्टरों की बड़ी बैठक चल रही हैं. बैठक अपर्णा यादव कई FIR दर्ज कराने की तैयारी में है, जिससे घटनाक्रम में नया मोड़ आ सकता है. अपर्णा यादव का आरोप है कि विशाखा कमेटी की रिपोर्ट पर दबाव बनाया जा रहा है और गवाहों से बयान बदलवाए जा रहे हैं. इस बीच मुख्यमंत्री योगी ने अपर्णा यादव को तलब किया है.