CM योगी की मां पर की थी अभद्र टिप्पणी, अब मौलाना अब्दुल्ला सलीम को बिहार जाकर उठा लाई यूपी STF
बिहार के अररिया का रहने वाला अबदुल्ला सलीम का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था. इसमें वह सीएम योगी और गौमाता को लेकर अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते दिखा था. इस मामले में हिंदू संगठनों और बीजेपी कार्यकर्ताओं की तरफ से उसके खिलाफ कई जिलों में एफआईआर दर्ज कराई गई थी. यूपी एसटीएफ को जानकारी मिली कि मौलाना अब्दुल्ला सलीम पूर्णिया में है. ऐसे में एसटीएफ ने स्थानीय पुलिस के सहयोग से मौलाना को अरेस्ट कर लिया.
यूपी एसटीएफ ने सोमवार देर शाम बिहार के पूर्णिया जिले से मौलाना अब्दुल्ला सलीम को अरेस्ट कर लिया है. अब्दुल्ला सलीम पर सीएम योगी की मां को लेकर अभद्र टिप्पणी करने का आरोप है. उसने एक धार्मिक सभा में गौकशी कानूनों पर चर्चा के दौरान योगी आदित्यनाथ की मां और गौमाता को लेकर कथित तौर पर अभद्र बातें कही थीं.
मूल रूप से बिहार के अररिया का रहने वाला अबदुल्ला सलीम का कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था. इसमें वह सीएम योगी को लेकर अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते दिखा था. इसके बाद उसके खिलाफ यूपी के कई जिलों में केस दर्ज कराए गए थे. उसके बाद से ही यूपी एसटीएफ उसे तलाश रही थी. यूपी एसटीएफ को जानकारी मिली कि मौलाना अब्दुल्ला सलीम पूर्णिया में है. ऐसे में एसटीएफ ने स्थानीय पुलिस के सहयोग से मौलाना को अरेस्ट कर लिया.
लोगों को लगा कि मौलाना अबदुल्ला सलीम की किडनैपिंग हुई
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक जब सादी वर्दी में आए पुलिसकर्मी मौलाना ले जाने लगे तो उन्हें लगा कि अब्दुल्ला सलीम की किडनैपिंग की गई है. लेकिन फिर स्थानीय विधायक ने थाने से संपर्क किया. फिर जाकर यह पृष्टि हो पाई की ये पुलिस की कार्रवाई है. फिलहाल, मौलाना पूर्णिया से लखनऊ लाया जा रहा है.
मौलाना वीडियो जारी कर दी थी सफाई
मामला वायरल होने के बाद मौलाना अब्दुल्ला सलीम ने सीएम योगी और गौमाता को लेकर दिए गए बयान पर वीडियो पर सफाई भी जारी की थी. उसने कहा था कि उसका पुराना बयान काट-छांट कर एडिटेड रूप में वायरल किया गया है. बयान को गलत संदर्भ में पेश कर मुझे बदनाम करने की कोशिश की जा रही है.
83 से ज्यादा थानों में दर्ज हुई थी एफआईआर
बता दें कि मौलाना अब्दुल्ला सलीम के इस कथित बयान के बाद प्रदेश के 83 से ज्यादा थानों में उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी. हिंदू संगठनों और बीजेपी कार्यकर्ताओं की तरफ से कई जगहों पर विरोध प्रदर्शन किए गए थे. मौलाना की गिरफ्तारी की मांग की गई थी. लोगों का कहना था कि मां का अपमान कोई भी सहन नहीं कर सकता, चाहे वह किसी की भी हों.