2 बीवियां-घरेलू कलह और फंदे से लटकी मिली लाश… दिल दहला देगी पार्षद पति की मौत की कहानी
मुरादाबाद में पूर्व पार्षद सद्दाम की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत ने सनसनी फैला दी है. उनका शव फांसी के फंदे पर लटका मिला. पुलिस घरेलू कलह को मुख्य वजह बता रही है, क्योंकि सद्दाम ने दो शादियां की थीं, जिनमें से एक पत्नी मौजूदा पार्षद हैं.
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में एक दिल दहला देने वाली घटना हुई है. मुरादाबाद के मझोला थाना क्षेत्र में जयंतीपुर स्थित मियां कॉलोनी में वार्ड-69 की मौजूदा कांग्रेस पार्षद रूबी परवीन के पति और पूर्व पार्षद सद्दाम (35) की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है. शुक्रवार-शनिवार की देर रात करीब डेढ़ बजे सद्दाम का शव घर में ही संदिग्ध परिस्थितियों में फांसी के फंदे पर लटका मिला. सूचना मिलते ही पूरे शहर और राजनीतिक हलकों में हड़कंप मच गया.
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. पुलिस फिलहाल घटना की वजह घरेलू कलह बता रही है. दरअसल सद्दाम ने दो शादियां की थी. उसकी एक बीवी रूबी परवीन कांग्रेस के टिकट पर पार्षद चुनी गई है. आशंका जताई जा रही है कि दूसरी शादी की वजह से घर में विवाद की स्थिति बन गई थी और संभवत: इसी से परेशान होकर सद्दाम ने खुदकुशी कर ली.
पूरे शहर में सनसनी
सद्दाम की मौत की खबर फैलते ही शहर में सनसनी फैल गई. पूर्व मंत्री इकराम कुरैशी, शहर कांग्रेस अध्यक्ष जुनैद इकराम समेत कई कई वरिष्ठ कांग्रेसी नेता और स्थानीय जनप्रतिनिधि देर रात ही मौके पर पहुंच गए. इस बीच मझोला थाना पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. पुलिस के मुताबिक मामला तो सुसाइड का ही है, लेकिन इसके पीछे क्या कहारण है, उनकी जांच हो रही है.
सामने आई ये वजह
जानकारी के मुताबिक युवा नेता सद्दाम कांग्रेस के बैनर तले राजनीति करते थे. एक बार वह पार्षद भी रहे. पिछले चुनाव में उनकी सीट पर आरक्षित हो गई. ऐसे में सीट बचाने के लिए उन्होंने दूसरी शादी कर ली. बताया जा रहा है कि इस शादी के बाद ही परिवार में खटपट रहने लगी थी. गृह क्लेश बढ़ा तो दोनों बीवियां अलग रहने लगीं. बावजूद इसके घर में तनाव कम नहीं हुआ.
सद्दाम का राजनीतिक सफर
मूल रूप से अमरोहा के निवासी सद्दाम लंबे समय से मुरादाबाद के जयंतीपुर क्षेत्र में रह रहे थे. वह कांग्रेस संगठन में अपनी मजबूत पकड़ और सक्रियता के लिए जाने जाते थे. पिछले नगर निगम चुनाव में सद्दाम ने स्वयं कांग्रेस के टिकट पर वार्ड-69 से चुनाव जीता था, इस बार यह वार्ड पिछड़े वर्ग के लिए आरक्षित हो गया तो उन्होंने अपनी दूसरी पत्नी रूबी परवीन को मैदान में उतारा. वह जीत भी गईं.
