‘काश आज ऑफिस चली जाती…’ नोएडा अग्निकांड ने छीन ली स्नेहा की जिंदगी, दोस्त का छलका दर्द
नोएडा के मामूरा में लगी भीषण आग ने कई परिवारों को बेघर कर दिया. पुलिस, दमकल और प्रशासन की टीमों ने रेस्क्यू अभियान चलाकर 100 से अधिक लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला. लेकिन इस अग्निकांड ने स्नेहा की जान ले ली. उसके दोस्त को अफ़सोस है कि काश स्नेहा आज ऑफिस चली जाती.
नोएडा के मामूरा अग्निकांड ने सिर्फ दो लोगों की जान नहीं ली, बल्कि कई परिवारों और दोस्तों की दुनिया हमेशा के लिए बदल दी. इस हादसे में 26 वर्षीय स्नेहा की मौत ने उसके परिजनों और दोस्तों को गहरे सदमे में डाल दिया है. स्नेहा के करीबी दोस्त दानिश चौधरी बार-बार यही कह रहे हैं, ‘काश आज वह ऑफिस चली जाती, तो शायद आज हमारे बीच होती.’
बिहार की रहने वाली स्नेहा नोएडा सेक्टर 62 स्थित बीपीओ कंपनी के लिए कार्यरत थी. मंगलवार को उसने निजी काम के लिए छुट्टी मांगी थी. लेकिन छुट्टी मंजूर नहीं होने पर बीमारी का हवाला देकर अवकाश ले लिया. किसे पता था कि यह छुट्टी स्नेहा की जिंदगी की आखिरी छुट्टी साबित होगी और अगले ही दिन मामूरा की आग ने उसकी जिंदगी छीन ली.
मिलनसार और खुशमिजाज स्वभाव की थी स्नेहा
स्नेहा के दोस्त दानिश चौधरी ने बताया कि स्नेहा बेहद मिलनसार और खुशमिजाज स्वभाव की थी. दोनों आमने-सामने वाले कमरों में रहते थे, इसलिए रोज मुलाकात होती थी. वह उन्हें बड़े भाई की तरह मानती थी और अपनी छोटी-बड़ी बातें साझा करती थी. हादसे की सूचना मिलते ही दानिश ऑफिस छोड़कर मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी.
उन्होंने भावुक होकर कहा कि, ‘आज भी यकीन नहीं होता कि कल तक साथ हंसने-बोलने वाली स्नेहा अब इस दुनिया में नहीं है. बस एक ही बात बार-बार मन में आती है कि अगर वह आज ऑफिस चली जाती तो शायद उसकी जान बच जाती.’ मामूरा अग्निकांड ने एक बेटी ही नहीं, बल्कि उसके परिवार के सपनों और दोस्तों की उम्मीदों को भी राख कर दिया.
अग्निकांड में अब तक दो लोगों की मौत, चार गंभीर
जिस लड़की ने घर से दूर रहकर अपने भविष्य के सपने बुने थे अब वह सिर्फ यादों में रह गए. इस अग्निकांड में अब तक दो लोगों की मौत, चार गंभीर रूप से घायल और 100 से अधिक के सुरक्षित रेस्क्यू की पुष्टि हुई है. अब सवाल है कि कहीं संकरी गलियां, अवैध निर्माण और फायर सेफ्टी नियमों की अनदेखी इस दर्दनाक हादसे की वजह तो नहीं बनी?
वहीं, इस दर्दनाक हादसे में अब तक दो लोगों के खिलाफ फेज 3 पुलिस थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है. एक अकाउंटेंट शिवालिक, जिसने बिल्डिंग को लीज पर ले रखा था. वहीं, दूसरा कृष्ण कुमार का नाम शामिल है. जांच एजेंसियां हादसे के कारण का पता लगाने और लापरवाही जैसे हर एंगल से जांच में जुटी है.