कहानी सुखबीर समोसे वाले की, सहारनपुर की तंग गलियों में छिपा है स्वाद का खजाना

आज हम बात कर रहे पुराने शहर के रानी बाजार इलाके में स्थित सुखबीर समोसे छोले और खस्ता शॉप की जहां आपको समोसे के साथ-साथ दाल की पिट्टी वाले कुरकुरे खस्ता और छोले मिलते है.

सहारनपुर सुखबीर समोसे वाले Image Credit:

सहारनपुर को चटोरो का शहर कहा जाता है. यहां पर कई जगह ऐसी है जहां आपको एक से बढ़कर एक खाने पीने की चीज मिल जाएगी. लेकिन सहारनपुर के पुराने शहर की तंग गलियों में स्वाद का जो खजाना है, उसका दीवाना हर कोई है. शहर के कई इलाकों में आपको समोसे-टिक्की, खस्ता छोले की दुकान मिल जाएगी. लेकिन जो स्वाद पुराने शहर की तंग गलियों में है वो आपको शायद ही कही मिले.

आज हम बात कर रहे पुराने शहर के रानी बाजार इलाके में स्थित सुखबीर समोसे छोले और खस्ता शॉप की जहां आपको समोसे के साथ-साथ दाल की पिट्टी वाले कुरकुरे खस्ता और छोले मिलते है. सुखबीर समोसे वाले के नाम से शहर भर में प्रसिद्ध इस दुकान पर सुबह 8 बजे से ही ग्राहकों की भीड़ लगनी शुरू हो जाती है. कुरकुरे खस्ता के ऊपर गर्मागर्म कोफ्ते वाले छोले और उनपर अदरक मूली का लच्छा, साथ ही सूखे आलू और लाल हरी चटनी का कॉम्बिनेशन स्वाद को कई गुना बढ़ा देता है.

48 साल पुरानी है दुकान

सुबह के नाश्ते में लोग इनकी दुकान से खस्ता छोले के साथ साथ आलू, मटर, काजू, बादाम और पनीर वाले समोसे के साथ-साथ गर्मागर्म ड्राई फ्रूट से भरे गुलाब जामुन खाना और ले जाना पसंद करते हैं. सुखबीर समोसे वाली ये दुकान 48 साल पुरानी है, जहां सुखबीर ओर उनके बेटे रोहित बैठते हैं. यहां बनने वाली किसी चीज में प्याज-लहसुन का इस्तेमाल नहीं किया जाता. इसके अलावा समोसे से लेकर छोले तक ओर दूसरी चीजों मे पड़ने वाले सभी मसाले भी खुद ही तैयार होते हैं.

कैसे पहुंचे यहां तक

सुबह से लेकर दोपहर तक यहां आपको अच्छा नाश्ता मिलता है और दोपहर बाद यहां आपको काजू, बादाम, पनीर वाली स्पेशल टिक्की आलू के रायते के साथ मिलती है. ये दुकान इतनी प्रसिद्ध है कि इसको ढूंढने के लिए आपको ज्यादा मशक्कत नहीं करनी पड़ती बस पुराने शहर के रानी बाजार इलाके में आपको इतना कहना होगा है कि सुखबीर समोसे वाली शॉप पर जाना है और लोग आपको यहां पहुंचा देंगे.

Follow Us