मतदाता सूची में गलतियां, लाखों नाम कटे… सपा ने निर्वाचन अधिकारी को सौंपा ज्ञापन; 15 दिन की अपील विंडो की मांग
समाजवादी पार्टी ने यूपी की अंतिम मतदाता सूची में भारी अनियमितताओं का मुद्दा उठाया है. पार्टी ने मुख्य निर्वाचन अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर कटे हुए, डुप्लीकेट और त्रुटिपूर्ण नामों पर चिंता जताई. साथ ही हटाए गए नामों के लिए 15 दिन की अपील अवधि और स्पष्ट SOP जारी करने की मांग की.
समाजवादी पार्टी ने अंतिम मतदाता सूची में भारी अनियमितताओं और त्रुटियों का मुद्दा उठाते हुए मुख्य निर्वाचन अधिकारी को ज्ञापन सौंपा है. पार्टी ने वोटर लिस्ट में कटे हुए, डुप्लीकेट और त्रुटिपूर्ण नामों पर चिंता जताई. साथ ही चुनाव आयोग से मतदाता सूची में फॉर्म-6 से जोड़े गए और फॉर्म-8 से संशोधित नामों की बूथवार डेटा सभी राजनैतिक दलों को देने की मांग की.
पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के निर्देश पर प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल ने मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में ज्ञापन सौंपा. इसमें मतदाता सूची में त्रुटियों के उदाहरण भी दिए गए जिसमें किसी के पिता का नाम बांग्ला भाषा में छपा है, किसी की फोटो फोटो उल्टी है, तो एक मतदाता का नाम दो बार डुप्लीकेट छपा है. इसके अलावा 15 दिन की अपील विंडो की मांग की है.
कटे नामों के लिए 15 दिन की अपील विंडो की मांग
ज्ञापन में कहा गया है कि 10 अप्रैल 2026 को प्रकाशित अंतिम मतदाता सूची में बड़ी संख्या में नाम काटे गए हैं, साथ ही हजारों नए नाम जोड़े गए हैं और कई नाम संशोधित किए गए हैं. इनमें सबसे ज्यादा समस्या लॉजिकल एरर और नो-मैपिंग से जुड़ी है. पार्टी ने मांग की है कि इन कटे हुए डिलीटेड नामों के खिलाफ 15 दिन की अपील विंडो खोला जाय.
सपा ने मांग की कि, 10 से 25 अप्रैल केवल 15 दिन तक जिलाधिकारी के यहां और उसके फैसले के खिलाफ 30 दिन की समय-सीमा में मुख्य निर्वाचन अधिकारी के यहां अपील करने के ऑनलाइन-ऑफलाइन नियम, फीस और पूरी प्रक्रिया का लिखित SOP तुरंत जारी किया जाए, ताकि मतदाता सूची शुद्ध, दुरुस्त और त्रुटिरहित बन सके.
BJP चुनाव आयोग से मिलकर चुनाव लड़ रही- अखिलेश
ज्ञापन में पार्टी ने यह भी जोर दिया कि हर पोलिंग बूथ पर जोड़े गए और संशोधित किए गए एक-एक नाम का घर-घर सत्यापन कराया जाए. इससे पहले सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने वोटर लिस्ट को लेकर निशाना साधते हुए कहा कि, ‘ जब बीजेपी मुद्दों से हारने लगती है तो इंस्टीट्यूशंस के पीछे छुपकर वार करती है. बीजेपी इलेक्शन कमीशन से मिलकर चुनाव लड़ रही है.
चुनाव आयोग की ओऱ से जारी यूपी मतदाता सूची में कुल 13,39,84,792 वोटर्स नाम शामिल हैं. 2024 चुनाव में यह 15.44 करोड़ थी. SIR के ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में 12,55,56,025 मतदाताओं के नाम दर्ज थे, यानी 2.89 करोड़ मतदाताओं के नाम हटा दिए गए थे. अब अंतिम मतदाता सूची में ड्राफ्ट लिस्ट के मुकाबले 84 लाख मतदाताओं के नाम जोड़े गए हैं.
