UP में गरीब बच्चे भी प्राइवेट स्कूलों में पढ़ेंगे, 25% सीटें होंगी आरक्षित; नए नियम लागू
उत्तर प्रदेश सरकार ने RTE के तहत गरीब बच्चों को निजी स्कूलों में मुफ्त शिक्षा दिलाने हेतु नए निर्देश जारी किए हैं. अब गैर-सहायतित निजी स्कूलों में 25% सीटें आरक्षित होंगी. इससे जरूरतमंद बच्चों को कक्षा 8 तक मुफ्त पढ़ाई, किताबें और यूनिफॉर्म मिल सकेगी.
उत्तर प्रदेश सरकार ने गरीब और कमजोर वर्ग के बच्चों को अच्छे निजी स्कूलों में मुफ्त शिक्षा का लाभ देने के लिए नई व्यवस्था लागू की है. बेसिक शिक्षा विभाग के द्वारा जारी शासनादेश में RTE अधिनियम 2009 की धारा 12(1)(ग) के तहत गैर-सहायतित निजी स्कूलों में 25% सीटें आरक्षित करने की प्रक्रिया को और सुव्यवस्थित बनाया गया है.
अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा ने कहा कि यह RTE अधिनियम 2009 की धारा 12(1)(ग) के तहत किया गया है. इस आदेश से उम्मीद है कि ज्यादा से ज्यादा जरूरतमंद बच्चे प्राइवेट स्कूलों में दाखिला पा सकेंगे. इसके अनुसार, सभी गैर-सहायतित निजी स्कूलों को अपनी दुर्बल वर्ग के बच्चों के लिए सीटें आरक्षित रखना अनिवार्य है.
योजना के क्रियान्वयन के लिए समिति गठित होगी
RTE अधिनियम के तहत, इन बच्चों को कक्षा-8 तक पूरी शिक्षा मुफ्त मिलती है, जिसमें ट्यूशन फीस, किताबें, यूनिफॉर्म आदि शामिल हैं. सरकार स्कूलों को फीस की प्रतिपूर्ति करती है. प्रति बच्चा अधिकतम ₹450 प्रति महीना, इसके अलावा अभिभावकों को किताब-यूनिफॉर्म आदि के लिए अलग से 5000 रुपया प्रति वर्ष सीधे बैंक खाते में मिलते हैं.
नए आदेश के तहत, हर जिले में योजना के क्रियान्वयन और अनुश्रवण के लिए समिति गठित होगी, जिसकी अध्यक्षता DM करेंगे. इनके अलावा, मुख्य विकास अधिकारी, उपाध्यक्ष अपर जिलाधिकारी, सदस्य जिला विद्यालय निरीक्षक, सदस्य जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, सदस्य वित्त एवं लेखाधिकारी बेसिक शिक्षा और शिक्षा अधिकारी शामिल होंगे.
कौन से बच्चे पात्र हैं?
यह समिति नियमित बैठकें कर प्रवेश प्रक्रिया की निगरानी करेगी, शिकायतों का निस्तारण करेगी और कोई भेदभाव नहीं होने देगी. प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और ऑनलाइन होगी, महानिदेशक स्कूल शिक्षा द्वारा समय-सारणी जारी की जाएगी. इसके लिए जिलाधिकारी की अध्यक्षता में बैठक होगी. खंड शिक्षा अधिकारी, फिर BSA दस्तावेज की जांच करेंगे.
इस नए आदेश के तहत, इसका लाभ अनुसूचित जाति SC, अनुसूचित जनजाति ST, OBC, दिव्यांग बच्चे, HIV या कैंसर पीड़ित माता-पिता के बच्चे, अनाथ बच्चों को मिलेगा. इसके अलावा, अंत्योदय, बीपीएल कार्ड धारक, दिव्यांगता, वृद्धावस्था, विधवा पेंशन प्राप्त करने वाले अभिभावक, परिवार की वार्षिक आय 1 लाख से कम हो को भी शामिल किया गया है.
लॉटरी के जरीए किया जाएगा छात्रों का चयन
साथ ही, बच्चे को उसी ग्राम पंचायत या वार्ड का निवासी होना चाहिए जहां स्कूल स्थित है. निवास प्रमाण पत्र और आधार कार्ड के अलावा जाति प्रमाण पत्र और आय प्रमाण पत्र लगाना अनिवार्य होगा. प्रवेश लेने के लिए RTE पोर्टल www.rte25.upsdc.gov.in पर ऑनलाइन अप्लाई करना होगा. और लॉटरी के जरीए इसका चयन होगा.
