‘मामी मत कह, हत्यारे! प्रणाम किया तो हाथ तोड़ दूंगी’, श्रेया की मां ने आरोपी विवेक से क्यों कहा ऐसा?
श्रेया हत्याकांड के मुख्य आरोपी विवेक चौबे को मुठभेड़ के बाद वाराणसी में गिरफ्तार किया गया. थाने में श्रेया की मां और उनके भाई को पुलिस ने आरोपी से थोड़े देर के लिए मिलने दिया. इस दौरान पीड़ित मां ने आरोपी से अपनी बेटी की मौत का कारण पूछा, जिस पर विवेक चुप रहा.
श्रेया हत्याकांड के मुख्य आरोपी विवेक चौबे की गिरफ्तारी के बाद जब उसका सामना मृतका की मां रीता उपाध्याय से हुआ तो थाने में माहौल बेहद भावुक हो गया. सोमवार को पुलिस मुठभेड़ में विवेक को गिरफ्तार किया था. इसके बाद उसे राजातालाब थाने लाया गया, जहां श्रेया की मां और उनके भाई श्रीकांत मिश्रा को कुछ देर आरोपी से मिलने दिया गया.
आरोपी ने प्रणाम किया तो चीख उठी मां!
पुलिस हिरासत में विवेक चौबे ने रीता उपाध्याय और श्रीकांत मिश्रा को हाथ जोड़कर प्रणाम किया और कहा- ‘प्रणाम मामी, प्रणाम मामा.’ इतना सुनते ही श्रेया की मां का गुस्सा फूट पड़ा. उन्होंने आरोपी को फटकारते हुए कहा- ‘मामी मत कह, हत्यारे, प्रणाम करेगा तो तेरे हाथ तोड़ दूंगी. जिन हाथों से तूने मेरी श्रेया को मारा, अब उन्हीं हाथों से प्रणाम कर रहा है?’
श्रेया की मां ने कहा कि तूने रिश्ते की लाज तक नही रखी किस मुंह से मुझे मामी कह रहा है और प्रणाम कर रहा है? इसके बाद उन्होंने आरोपी से अपनी बेटी की हत्या की वजह पूछनी शुरू कर दी. उन्होंने पूछा ‘मेरी बेटी को क्यों मारा? बता हत्यारे? लेकिन हत्या का आरोपी विवेक चौबे नीचे जमीन पर देखता रहा और बिल्कुल चुप रहा.
18,19 और 20 अगस्त को कहां-कहां गया था?
इसके बाद श्रेया की मां ने फिर पूछा कि ‘तू 18,19 और 20 अगस्त को कहां कहां गया था? किस-किस से तेरी मुलाक़ात हुई थी?’ इस पर हत्या के आरोपी विवेक चौबे ने बस इतना ही कहा कि ’20 अगस्त को वह भुआवलपुर में था ‘. मां का यह गुस्सा और दर्द भावुक कर देने वाला था. पुलिस ने इसके बाद रीता उपाध्याय और उनके भाई को वहां से हटा दिया.
बचने के सारे हथकंडे अपनाए लेकिन पकड़ा गया
पूछताछ में विवेक चौबे ने पुलिस को बताया कि हत्याकांड को अंजाम देने के बाद उसने बचने की बहुत कोशिश की. कांवड़ियों के साथ कांवड़ शिविर में रहा. मंदिरों-मठों में सर छुपाता फिरा. यहां तक कि सर मुंडाकर मिर्ज़ापुर के जंगलों में भी रहा. लेकिन आखिर कार जगतदेव पुर से वो मुठभेड़ के बाद पकड़ा गया. पूछताछ में उसने जुर्म भी स्वीकार कर लिया है.
आरोपी ने बताया कि उसने अपने दोस्त पुनीत मिश्रा को 22 लाख रूपये का लालच दिया था. पुनीत को उसने बताया कि श्रेया की हत्या के बाद 11-11 लाख रूपये लेकर हम दोनों रांची निकल जाएंगे. आरोपी ने बताया कि डीआरडीओ के अधिकारी से शादी तय होने के बाद से श्रेया ने उससे दूरी बनानी शुरू कर दी थी. श्रेया उसका फोन भी नही उठाती थी.
विवेक ने बताया कि उसने श्रेया से ये तक कह दिया कि ‘ठीक है तुम शादी कर लो लेकिन फिर तालाक ले लेना ‘ लेकिन श्रेया नही मानी. इसके बाद गुस्से में आकर विवेक चौबे ने अपने दोस्त पुनीत के साथ मिलकर 18 अगस्त को बच्छाव स्थित किराए के मकान में श्रेया की हत्या कर दी थी. पुलिस हत्या की हर कड़ियां जोड़ने में जुटी है.