प्रेमानंद महाराज के फ्लैट में आग से दहशत, मदद को पहुंचे ब्रजवासियों से सेवादारों ने की बदसलूकी; मचा हड़कंप
वृंदावन में प्रेमानंद महाराज के फ्लैट में आग लगने से हड़कंप मच गया. शॉर्ट सर्किट से लगी आग बुझाने पहुंचे स्थानीय लोगों, पुलिस और पत्रकारों के साथ सेवादारों ने बदसलूकी की. घटना के वक्त महाराज फ्लैट में मौजूद नहीं थे. इस घटना से ब्रजवासियों में गहरा रोष है और वे सेवादारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.
उत्तर प्रदेश में भगवान कृष्ण की रास स्थली वृंदावन में एक हैरान करने वाली घटना हुई है. यहां छटीकरा मार्ग स्थित श्रीकृष्ण शरणम् सोसाइटी स्थित संत प्रेमानंद के फ्लैट में रविवार की अल सुबह संदिग्ध परिस्थिति में आग लग गई. फ्लैट में से धुआं और आग की लपटें निकलती देख आसपास के लोग और पुलिस मदद के लिए पहुंची, लेकिन सेवादारों ने इनके साथ बदसलूकी शुरू कर दी. इतने में मीडियाकर्मी भी पहुंचे और कवरेज करने लगे तो सेवादारों ने उनके मोबाइल फोन और कैमरा छीनने की कोशिश की. गनीमत रही कि इस घटना के वक्त संत प्रेमानंद फ्लैट में मौजूद नहीं थे.
जानकारी के मुताबिक श्रीकृष्ण शरणम् सोसाइटी स्थित संत प्रेमानंद जी महाराज के फ्लैट संख्या 212 में रविवार की सुबह भीषण आग लगी थी. बताया जा रहा है कि यह आग बिजली की लाइन में शॉर्ट सर्किट होने की वजह से लगी. घटना के वक्त प्रेमानंद महाराज फ्लैट में मौजूद नहीं थे. बल्कि वह करीब एक महीने से श्री राधाहित कैलिकुंज में निवास कर रहे हैं. इसकी वजह से बड़ी घटना टल गई. इधर, आग बुझाने में मदद करने पहुंचे स्थानीय लोगों, पुलिसकर्मियों और पत्रकारों के साथ की गई अभद्रता ने मामले को गरमा दिया है.
दमकल ने बुझाई आग
जानकारी के मुताबिक रविवार की अल सुबह अचानक से फ्लैट में से धुएं का गुबार निकला और लपटें निकलने लगी. इससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई. यह देख आसपास के लोग मदद के लिए दौड़े. इतने में पुलिस भी पहुंच गई और प्रभावित एरिया को खाली कराने लगी. इसी बात पर प्रेमानंद महाराज के सेवादार भड़क गए. इस विवाद को मीडियाकर्मियों ने अपने कैमरे में कैद करने की कोशिश की तो सेवादारों ने उनके साथ में बदसलूकी की. काफी मशक्कत के बाद दमकल की टीम ने आग को काबू किया.
ब्रजवासियों में रोष
इस घटना के दौरान संत के सेवादारों के अमर्यादित व्यवहार को लेकर स्थानीय ब्रजवासियों में गहरा रोष है. लोगों का कहना है कि एक ओर जहां संकट के समय लोग मदद के लिए पहुंचे थे, वहीं सेवादारों ने सेवा भाव के बजाय अभद्रता का परिचय दिया. स्थानीय लोगों ने पुलिस प्रशासन से सेवादारों के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग की है. साथ सवाल उठाया कि आखिर सेवादार क्या छिपाने की कोशिश कर रहे थे. इस घटना वृंदावन के धार्मिक और सामाजिक गलियारों में एक नई बहस छेड़ दी है.
