लखनऊ: सपा पार्षद को 100 मीटर तक घसीटा… फिर गिरफ्तार; वाल्मीकि समाज ने विरोध में घेरा थाना

लखनऊ में कोर्ट आदेश से जुड़े विवाद में सपा पार्षद सुरेंद्र वाल्मीकि को पुलिस ने घसीटकर गिरफ्तार किया. इस पर वाल्मीकि समाज के लोग भड़क उठे और गाजीपुर थाने का 4 घंटे तक घेराव किया. इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर जमकर नारेबाजी की और न्याय की मांग की.

सपा पार्षद को घसीटकर गिरफ्तार करने पर भड़का वाल्मीकि समाज

लखनऊ के गाजीपुर थाना क्षेत्र के बस्तौली गांव में सोमवार को एक कोर्ट आदेश से जुड़े विवाद ने पुलिस और स्थानीय वाल्मीकि समाज के बीच तीखी टकराव की शक्ल ले ली. समाजवादी पार्टी (सपा) के स्थानीय पार्षद सुरेंद्र वाल्मीकि को पुलिस ने कथित तौर पर करीब 100 मीटर तक सड़क पर घसीटकर गिरफ्तार किया, जिससे गुस्साए समर्थकों और वाल्मीकि समाज के लोगों ने थाने को घेर लिया.

घटना के दौरान पुलिस पर जमकर नारेबाजी हुई और स्थिति इतनी बिगड़ गई कि 5 थानों की फोर्स मौके पर बुलानी पड़ी. मामला बस्तौली गांव में रामचंद्र वाल्मीकि के परिवार के एक मकान से जुड़ा है, जिसे कोर्ट के आदेश पर खाली कराने की कार्रवाई चल रही थी. परिवार 31 जनवरी से सड़क पर धरने पर बैठा हुआ था और स्थानीय पार्षद सुरेंद्र वाल्मीकि भी उनके समर्थन में शामिल हो गए थे.

गिरफ्तारी के दौरान पार्षद को सड़क पर घसीटा

आरोप है कि सोमवार को पार्षद ने कोर्ट द्वारा लगाए गए ताले को जबरन तोड़वाया, जिसके बाद पुलिस और धरने में शामिल लोगों के बीच तीखी नोकझोंक हुई.पुलिस का कहना है कि हंगामा के दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों ने पुलिसकर्मियों पर हमला किया, जिसमें एक पुलिसकर्मी को चोटें आईं और उनकी वर्दी भी फट गई.

इसके बाद पुलिस ने पार्षद सुरेंद्र वाल्मीकि समेत 6 लोगों को गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तारी के दौरान पार्षद को सड़क पर घसीटते हुए ले जाया गया, जिसका वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही हैं. गिरफ्तारी की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में वाल्मीकि समाज के लोग गाजीपुर थाने पहुंच गए. उन्होंने थाने को घेर लिया.

4 घंटे हंगामा, DCP के आश्वासन पर मामला शांत हुआ

इस दौरान पुलिस मुर्दाबाद, वाल्मीकि समाज को न्याय दो जैसे नारे लगाते हुए जमकर प्रदर्शन किया. स्थिति बेकाबू होती देख डीसीपी और एसीपी स्तर के अधिकारी मौके पर पहुंचे. लगभग 4 घंटे तक चले हंगामे के बाद अधिकारियों ने पार्षद को रिहा करने और मामले की उचित जांच-कार्रवाई का आश्वासन देकर लोगों को शांत कराया.

इस घटना ने इलाके में तनाव पैदा कर दिया है. वाल्मीकि समाज के लोग लंबे समय से इस मकान में रह रहे परिवार के साथ हुए व्यवहार को लेकर नाराज हैं, जबकि पुलिस का दावा है कि कार्रवाई पूरी तरह कोर्ट आदेश के अनुपालन में की गई. प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त फोर्स तैनात की है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है.