जेल में होते रामभद्राचार्य… शंकराचार्य को लेकर अखिलेश का CM योगी पर बड़ा हमला, बोले- मजबूत हो रहा PDA
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद पर मुकदमे को लेकर सीएम योगी पर तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा कि रामभद्राचार्य को तो पहले ही जेल भेज देना चाहिए था. अखिलेश ने 'PDA' (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) गठबंधन के मजबूत होने का दावा किया, और धार्मिक नेताओं के अपमान व सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए. उन्होंने विकास कार्यों और सीएम की जापान यात्रा पर भी सवाल उठाए.
सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव रविवार को शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ मुकदमा दर्ज होने पर मुखर दिखे. उन्होंने कहा कि ‘पीड़ा बढ़ रही है, PDA मजबूत हो रहा’ है. शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के अपमान पर अखिलेश यादव ने कहा कि ‘गुरु नानक जी ने कहा था कि कान छेदाने से कोई योगी नहीं बन सकता’. इसी कड़ी में उन्होंने रामभद्राचार्य को भी आड़े हाथों लिया. कहा कि उनके बारे में कुछ बोलना नहीं चाहिए, लेकिन अगर यह उनका चेला है तो मुझसे बड़ी गलती हुई है. उनके खिलाफ 420 का मुकदमा था. हमने वापस ले लिया था. उन्हें उसी समय जेल भेज देना चाहिए था.
अखिलेश यादव ने सीएम योगी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि यह सरकार बचने वाली नहीं है. जनता ने पहले ही इसे अस्वीकार कर दिया है. अब तो सिर्फ वोटिंग का इंतजार है. उन्होंने पार्टी में नए सदस्यों का स्वागत किया. इस दौरान एआई समिट को लेकर टिप्पणी करते हुए मुख्यमंत्री की जापान यात्रा पर सवाल उठाया. साथ ही उन्होंने धार्मिक नेताओं के अपमान और विकास कार्यों में भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए करारा प्रहार किया.
नए सदस्यों का किया स्वागत
अखिलेश यादव ने कहा कि जनता की पीड़ा बढ़ रही है. इसी के साथ PDA (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) गठबंधन मजबूत हो रहा है. इस मौके पर उन्होंने मुनिदेव शर्मा, राहुल सिंह, गोपाल सिंह, लक्ष्मी अग्रवाल, करण सिंह, रामलाल वाल्मीकि, शेखर सैनी, दीपक चौधरी को अन्य साथियों को पार्टी में शामिल कराया. एआई समिट को लेकर अखिलेश ने विपक्ष और अपने नेता माता प्रसाद पाण्डेय की बातों का उल्लेख करते हुए कहा कि इधर चीफ मिनिस्टर योगी जापान जा रहे हैं, वहां जापान का एक डॉग बहुत फेमस हुआ था दुनिया में. टेक्नोलॉजी को लेकर स्टार्टअप हो रहे हैं, ये हमारी समस्या का समाधान के लिए हैं, लेकिन मुख्यमंत्री जी हमसे बहुत आगे हैं.
गीता का दिया उदाहरण
अखिलेश यादव ने गीता के एक श्लोक का हवाला देते हुए कहा कि इसमें लिखा है कि माया में रहकर माया से दूर रहें. वो योगी हैं. उन्होंने शंकराचार्य के अपमान पर सवाल उठाते हुए पूछा कि उनके साथ क्या व्यवहार हो रहा है? जिस समय शिखा को पकड़कर अपमानित किया जा रहा था, उस समय यह लोग कहां थे? हमारी सनातनी व्यवस्था में किसी शंकराचार्य को गंगा स्नान से रोका नहीं गया, लेकिन ये पहली बार हुआ है.
रामभद्राचार्य को जेल भेज देना था
अखिलेश ने 20 साल पुरानी घटना का जिक्र किया. कहा कि शंकराचार्य को अपमानित करने के लिए किसको ढूंढकर लाए? रामभद्राचार्य पर 420 का मुकदमा था, उसको हमने वापस लिया. उन्हें उसी समय जेल भेज देना चाहिए था. सरकार की आलोचना करते हुए उन्होंने कहा कि बीजेपी वाले नफरत फैलाने के लिए फर्जी वीडियो चलाते हैं. कन्नौज में हिंदू नेता ने मुस्लिम भाई से मंदिर में मीट फिकवाया, जब जांच हुई तो 1 साल जेल में रहे. नाले में गिरने से बेटी की मौत हो गई, 19 लोगों की आंख चली गई गोरखपुर में.
