24 घंटे में 381.1 MM बारिश से डूबा बरेली! VIP कॉलोनी तक जलमग्न, 14 मकान जमींदोज
स्मार्ट सिटी बरेली में रिकॉर्ड 381.1 मिमी बारिश ने कहर बरपाया. 24 घंटे में देश में सर्वाधिक वर्षा दर्ज की गई, जिससे शहर से देहात तक जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया. वीआईपी कॉलोनियां जलमग्न हुईं, 180 घरों में पानी घुसा, लोग बेघर हुए. 14 मकान ढहे जबकि एक बच्चे की मौत हुई.
बरेली में बारिश ने ऐसा कहर बरपाया कि शहर से लेकर देहात तक जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया. रविवार दोपहर से सोमवार दोपहर तक 24 घंटे में 381.1 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई. मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, इस दौरान देशभर में सबसे ज्यादा बारिश बरेली में हुई. बारिश ने 1981 से अब तक के रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया.
रिकॉर्ड बारिश के बाद बरेली की सड़कें, मोहल्ले और कॉलोनियां पानी में डूब गईं. हालात ऐसे बने कि शहर की VIP रेजिडेंसी कॉलोनी भी जलमग्न हो गई. रेजिडेंसी गार्डन में करीब छह फुट तक पानी भर गया. कॉलोनी के करीब 180 मकानों में पानी घुस गया. घरों में पानी भरने के बाद लोगों को अपना घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर जाना पड़ा.
ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से निकाले गए लोग
घरों में किचन का सामान भी पानी में बह गया, लोगों का कहना है कि घर में रखा कैश और जेवर भी बह गए. रेजिडेंसी गार्डन में कई परिवारों को ट्रैक्टर-ट्रॉलियों की मदद से सुरक्षित जगह पहुंचाया गया.कुछ लोगों ने होटल और अन्य सुरक्षित स्थानों पर शरण ली.जलभराव वाले इलाकों में बिजली आपूर्ति भी बंद करनी पड़ी. इससे लोगों की परेशानी और बढ़ गई.
सिकलापुर में पानी इतना भर गया कि लोगों को आने-जाने के लिए नाव का सहारा लेना पड़ा. राजेंद्रनगर समेत कई इलाकों में सड़कें पूरी तरह पानी में डूबी नजर आईं. सरकारी कार्यालयों में भी पानी भरने से कामकाज प्रभावित हुआ. 2 दिन की छुट्टियां बढ़ा दी गई है.
14 मकान जमींदोज, बच्चे की मौत
लगातार बारिश ने जर्जर मकानों के लिए खतरा बढ़ा दिया. शहर के तीन और ग्रामीण इलाकों में दो समेत कुल 14 मकान जमींदोज हो गए. मकान गिरने की घटनाओं में दो महिलाओं के घायल होने की जानकारी सामने आई. जिले में 15 पेड़ भी गिर गए, जिससे कई जगह रास्ते प्रभावित हुए.
बारिश के बीच फतेहगंज पश्चिमी के गांव कुरतरा में बरसाती नाले में डूबने से 10 वर्षीय भास्कर सागर की मौत हो गई. वहीं, डरुआपुर-अतरछेड़ी के बीच बाइक सवार तीन लोग अरिल नदी में बह गए. तीनों की तलाश की जा रही है.
रेलवे ट्रैक पर पानी, साढ़े तीन घंटे संचालन ठप
भारी बारिश का असर ट्रेनों पर भी पड़ा. बरेली जंक्शन और बरेली सिटी स्टेशन के बीच रेलवे ट्रैक पर पानी भर गया, जिससे करीब साढ़े तीन घंटे रेल संचालन प्रभावित रहा. दो ट्रेनों को डायवर्ट करना पड़ा, जबकि करीब आधा दर्जन ट्रेनें प्रभावित हुईं. सीबीगंज-बरेली के बीच रेलवे ट्रैक के किनारे खड़े पेड़ की शाखाएं टूटकर डाउन लाइन पर गिर गईं.
शाखाएं 14674 शहीद एक्सप्रेस के इंजन से टकरा गईं और ट्रेन को रोकना पड़ा. रेलवे कर्मचारियों ने करीब डेढ़ घंटे की मेहनत के बाद टहनियां हटाकर ट्रैक साफ किया, लेकिन इंजन में प्रेशर नहीं बनने के कारण ट्रेन आगे नहीं बढ़ सकी. यात्रियों को काफी देर तक ट्रेन के अंदर ही इंतजार करना पड़ा.
14 विद्युत उपकेंद्रों में भी पानी, स्कूलों में छुट्टी
बारिश के कारण जिले के 14 विद्युत उपकेंद्रों में भी पानी भर गया. सोमवार तड़के करीब चार बजे पानी भरने के बाद डीडीपुरम, डेलापीर, कुतुबखाना, सिविल लाइंस समेत कई इलाकों में बिजली गुल रही. लगातार भारी बारिश को देखते हुए जिले में कक्षा आठ तक के सभी स्कूलों में दो दिन की छुट्टी घोषित की गई है.
रिकॉर्ड बारिश ने बरेली में ऐसा संकट खड़ा किया है, इससे पहले वर्ष 2005 में 24 घंटे में 267.2 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई थी. लेकिन केवल 24 घंटे में 381.1 मिलीमीटर बारिश ने 41 साल का रिकॉर्ड टूट गया है. इससे शहर की VIP कॉलोनी से लेकर गांव तक लोग पानी के बीच जिंदगी बचाने और सुरक्षित ठिकाने की तलाश में जुटे हैं.