‘मैं भी जीना नहीं चाहता, बेटियों को साथ ले जाऊंगा’, कानपुर के हत्यारे बाप ने पत्नी से ऐसा क्यों कहा?
कानपुर में एक पिता ने अपनी दो जुड़वा बेटियों की हत्या कर दी. पुलिस पूछताछ में उसने बताया कि नौकरी छूटने से आई आर्थिक तंगी, मानसिक तनाव और पत्नी से झगड़ों के कारण वह गहरे डिप्रेशन में था. आरोपी ने कहा कि वह खुद भी जीना नहीं चाहता था, इसलिए उसने बेटियों को भी अपने साथ ले जाने की योजना बनाई थी.
उत्तर प्रदेश के कानपुर में जुड़वा बेटियों की हत्या को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है. हत्यारोपी पिता ने पुलिस की पूछताछ में जो खुलासा किया है, उसे सुनकर खुद पुलिस भी हैरान है. पुलिस के मुताबिक अब तक की जांच में इस वारदात की वजह मानसिक तनाव, आर्थिक तंगी और पति-पत्नी के रिश्ते में कड़वाहट के रूप में निकल कर सामने आई है. यह स्थिति खासकर आरोपी की मां की मौत के बाद बनी और पत्नी के व्यवहार ने इस आग में घी डालने का काम किया.
पुलिस पूछताछ में शशि रंजन ने बताया कि मां की मौत के बाद वह तनाव में था. इसी बीच नौकरी छूट गई तो आर्थिक तंगी आ गई. इसकी वजह से वह डिप्रेशन में आकर शराब के अलावा नशे की गोलियों का सेवन करने लगा था. उसने पुलिस को बताया कि वह 18 अप्रैल को सुसाइड करना चाहता था, लेकिन उसने सोचा कि उसकी मौत के बाद बेटियों का क्या होगा. वह अपनी दोनों बेटियों को बहुत प्यार करता था. इसलिए उसने पहले बेटियों को ही मार डालने का प्लान बनाया.
पत्नी को बता दी थी योजना
वारदात से पहले उसने अपनी पत्नी को बता दिया कि अब उसकी जीने की इच्छा नहीं है. वह मरना चाहता है और अपनी बेटियों को साथ लेकर जाएगा. उसने पत्नी से कहा था कि बेटा उसके पास है, उसे पाल लेना. शशि ने पुलिस को बताया कि इतनी कड़की के बावजूद उसने अपनी 11 साल की दोनों बेटियों को किदवई नगर के महंगे स्कूल में एडमिशन कराया था. इसी स्कूल में उसका बेटा भी एलकेजी में पढ़ रहा था.
नौबस्ता थाने में दर्ज हुई एफआईआर
डीसीपी साउथ दीपेंद्र चौधरी के अनुसार पत्नी रेशमा की तहरीर पर आरोपी बाप शशि रंजन मिश्रा के खिलाफ नौबस्ता थाने में एफआईआर दर्ज कर ली गई है. हत्या के पीछे घरेलू कलह, परिवार की वर्तमान स्थिति, मानसिक तनाव और आर्थिक तंगी के रूप में सामने आया है. पुलिस फिलहाल आरोपी के कबूलनामे और पंचनामा रिपोर्ट के आधार पर मामले की जांच कर रही है. इस दौरान उसकी पत्नी के साथ झगड़े की कहानी भी सामने आई है. ये दोनों एक ही मकान में रहने के बाद भी अलग अलग रह रहे थे.
