अजनारा होम्स बिल्डर पर नोएडा अथॉरिटी का हंटर, बेसमेंट में सीवर का पानी भरने पर 50 लाख का जुर्माना

नोएडा प्राधिकरण की जांच में अजनारा होम्स का सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट पूरी तरह से बंद पाया. इसका गंदा पानी सीधे नालों में बहाया जा रहा था. इससे वातावरण तो प्रदूषित हो ही रहा था साथ ही आसपास के लोगों के स्वास्थ्य से भी खिलवाड़ किया जा रहा था. इसके अलावा सोसायटी के बेसमेंट में भी गंदा पानी भर रहा था. अब इस मामले में प्राधिकरण ने तत्काल कार्रवाई करते हुए बिल्डर पर 50 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है.

अजनारा होम्स Image Credit:

ग्रेटर नोएडा वेस्ट में अजनारा होम्स बिल्डर की बड़ी लापरवाही सामने आई है. दरअसल, सोसायटी में बिना मानकों के गंदा पानी सीधा नाले में बह रहा था. यह पानी सोसायटी के बेसमेंट में भी भर रहा था. इससे सोसायटी के लोग बदबू के बीच रहने को मजबूर हो रहे थे. उनके बीमार होने का खतरा भी बढ़ गया. इसका एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है. वीडियो वायरल होने के बाद ग्रेटर नोएडा विकास प्राधिकरण के सीईओ ने अजनारा होम्स बिल्डर बिल्डर पर कार्रवाई का निर्देश दिया था.

अजनारा होम बिल्डर कि जिस सोसायटी पर यह सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट लगा हुआ था वह काफी सालों से बंद था. सोसाइटी से निकलने वाला गंदा पानी सीधा नालों में बहाया जा रहा था. इससे वातावरण तो प्रदूषित हो ही रहा था साथ ही आसपास के लोगों के स्वास्थ्य से भी खिलवाड़ किया जा रहा था. सोसाइटी के निवासियों की शिकायत और वीडियो वायरल होने के बाद प्राधिकरण के अधिकारियों ने इसका संज्ञान लिया. मौके पर जाकर जब इसमें जांच की गई तो पता चला की सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट पूरी तरह से बंद है. अब इस मामले में प्राधिकरण ने तत्काल कार्रवाई करते हुए बिल्डर पर 50 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है.

सोसायटी से रोजाना निकल रहा था 1.15 मिलियन लीटर गंदा पानी

प्राधिकरण के अधिकारियों के अनुसार सोसाइटी से रोजाना 1.15 मिलियन लीटर गंदा पानी निकल रहा था. यह पानी बिना संशोधन के सीधा नालों में बहाया जा रहा था. यह सीधा-सीधा नियमों का उल्लंघन है. नियमों के तहत हर सोसाइटी में सीवर ट्रीटमेंट प्लांट लगाना जरूरी है. साथ ही यहां से निकलने वाले गंदे पानी को संशोधन कर सुरक्षित निस्तारण करना आवश्यक है.

अन्य सोसाइटी और बिल्डरों के लिए भी चेतावनी

सीवर विभाग के वरिष्ठ प्रबंधक सन्नी यादव ने बताया कि सीवर ट्रीटमेंट प्लांट चलाना हर बिल्डर और सोसाइटी के लिए अनिवार्य है. प्राधिकरण की ओर से समय-समय पर इन सोसाइटियों का निरीक्षण किया जाता है. साथ ही जो एजेंसियां कूड़ा और सोसाइटी से निकलने वाले गंदे पानी का निस्तारण सही समय पर नहीं करती तो उनके खिलाफ कार्रवाई भी की जाती है. अगर इस तरह की लापरवाही कोई अन्य बिल्डर या सोसायटी करती है तो उनके लिए भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी.