नोएडा के इंजीनियर युवराज की मौत मामले में एक और FIR, अब इन 5 लोगों पर दर्ज हुए मुकदमा

नोएडा में सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज की मौत मामले में एक और एफआईर दर्ज किया गया है. यह एफआईआर पर्यावरण संरक्षण और जल प्रदूषण से जुड़े गंभीर आरोपों के तहत किया गया है. इस एफआईआर में अभय कुमार, संजय कुमार, मनीष कुमार, आंचल बोहरा और निर्मल कुमार को नामजद किया गया है.

कार समेत डूबने से इंजीनियर की मौत

ग्रेटर नोएडा के सेक्टर 150 में सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज मेहता की मौत के मामले में रोज प्राधिकरण की लापरवाहियों के लेकर खुलासे हो रहे हैं. अब इस मामले में एक और एफआईआर दर्ज कर लिया गया है. यह एफआईआर पर्यावरण संरक्षण और जल प्रदूषण से जुड़े गंभीर आरोपों के तहत किया गया है. कुल 5 लोगों के नाम पर नामजद मुकदमा दर्ज किया गया.

जिस स्थान पर युवराज की कार गिरी वहां लंबे समय से निर्माण कार्य बंद पड़ा था. अब से करीब 5 साल पहले यहां निर्माण कार्य कराया गया था. लेकिन बीच में ही गहरे गड्ढे खोदकर छोड़ दिया गया. यह गड्ढे सड़क के बिल्कुल करीब थे. लेकिन इसके बावजूद न तो वहां कोई बैरिकेडिंग की गई और ना ही कोई चेतावनी बोर्ड लगाए गए थे.

पर्यावरण और जल प्रदूषण कानून के तहत की गई कार्रवाई

नॉलेज पार्क थाना पुलिस प्रभारी ने बताया कि इस मामले में पर्यावरण संरक्षण जल प्रदूषण के तहत एफआईआर दर्ज की गई है दोनों बिल्डरों ने मिलकर पर्यावरण और जल प्रदूषण के नियमों का उल्लंघन किया. इससे न केवल प्रदूषण फैला बल्कि आम नागरिकों की जान भी खतरे में पड़ गई.

जानें किन 5 लोगों के खिलाफ दर्ज किया गया है मुकदमा

इस एफआईआर में अभय कुमार, संजय कुमार, मनीष कुमार, आंचल बोहरा और निर्मल कुमार को नामजद किया गया है. यह सभी लोटस ग्रीन कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड और कि एमजेड विशटाउन से जुड़े हुए हैं. पुलिस का कहना है कि जब निर्माण स्थल का फॉरेंसिक टीम ने जायजा लिया तो वहां कई खामियां नजर आईं.

बिल्डरों ने शिकायत की अनदेखी की

जांच के दौरान यह भी सामने आया है कि निर्माण स्थल को लेकर पहले भी स्थानीय लोगों की तरफ से शिकायत थी दी गई थी. लेकिन इन दोनों बिल्डरों ने लोगों की शिकायत अनदेखी की. इसका नतीजा यह रहा कि यह एक तरीके से जानलेवा बन गया. बता दें कि पुलिस ने बिल्डर अभय सिंह को कोर्ट में पेश करने के बाद अब 27 जनवरी तक न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है.