1483 छापे, 24 FIR, 6 गिरफ्तार… यूपी में LPG कालाबाजारी पर योगी सरकार का कड़ा प्रहार
उत्तर प्रदेश सरकार ने LPG सिलेंडरों की कालाबाजारी रोकने के लिए कड़े कदम उठाए हैं. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर खाद्य एवं रसद विभाग एक्शन में है. अब तक 1483 स्थानों पर छापेमारी की, 24 FIR दर्ज हुईं और 6 लोग गिरफ्तार हुए. प्रशासन के अधिकारी लगातार फील्ड में भ्रमण कर रहे हैं.
इजरायल, अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध को लेकर पेट्रोल-डीजल और LPG की सप्लाई पर अस्थिरता बनी हुई है. लोगों के बीच गैस संकट का भ्रम है, इसको लेकर हर तरफ हाहाकार मचा हुआ है. वहीं, मुख्यमंत्री योगी ने साफ किया कि प्रदेश में डीजल-पेट्रोल की कोई कमी नहीं है. रसोई गैस के जमाखोरी और कालाबाजारी पर सख्त निर्देश भी दिए हैं.
मुख्यमंत्री योगी गुरुवार को इसको लेकर समीक्षा बैठक में कालाबाजारी पर एफआईआर दर्ज करने तक की बात कही थी. वहीं, अब प्रदेश में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की आपूर्ति व्यवस्था की लगातार निगरानी की जा रही है. साथ ही निरीक्षण व छापेमारी की कार्रवाई की जा रही है, जिससे कहीं भी किसी प्रकार की कमी या अव्यवस्था न होने पाए.
19 के खिलाफ अभियोजन की कार्रवाई की गई
यूपी पहला राज्य है, जहां कालाबाजारी के खिलाफ सबसे पहले और ताबड़तोड़ सख्त कार्रवाई की जा रही है. प्रवर्तन टीमों ने शुक्रवार को कुल 1,483 स्थानों पर निरीक्षण और छापेमारी की. इस दौरान एलपीजी वितरकों पर 4 एफआईआर दर्ज की गई, जबकि एलपीजी गैस की कालाबाजारी में संलिप्तों के खिलाफ 20 एफआईआर दर्ज कराई गई हैं.
इस दौरान मौके से 6 लोगों को गिरफ्तार किया गया, जबकि 19 के खिलाफ अभियोजन की कार्रवाई की गई है. साथ ही आपूर्ति व्यवस्था की निगरानी और जानकारी के लिए 24 घंटे सक्रिय कंट्रोल रूम स्थापित किए हैं. यहां खाद्य एवं रसद विभाग के अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है. प्रदेश के सभी जनपदों में कंट्रोल रूम से लगातार निगरानी की जा रही है.
प्रशासन के अधिकारी लगातार फील्ड में भ्रमण सक्रिय
जिला पूर्ति कार्यालय और स्थानीय प्रशासन के अधिकारी लगातार फील्ड में भ्रमण कर रहे हैं. प्रदेश में 4,108 एलपीजी गैस वितरकों के माध्यम से उपभोक्ताओं को उनकी बुकिंग के तहत एलपीजी रिफिल की डिलीवरी कराई गई है. साथ ही आवश्यकता पड़ने पर एलपीजी वितरक केंद्रों पर पुलिसकर्मियों की तैनाती करने के निर्देश दिए गए हैं.