उम्रकैद का ऐलान होते ही बौखलाया दोषी, अदालत में जज को ‘देख लेने’ की खुली धमकी
बिजनौर की अदालत ने एक जघन्य हत्या मामले में दो आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई. दोनों पर एक आदमी को कार से कुचलकर मारने का आरोप था. वहीं, फैसला सुनते ही आरोपियों ने कोर्टरूम में जमकर हंगामा किया. साथ ही जज को 'देख लेने' की खुली धमकी दे दी.
बिजनौर के धामपुर क्षेत्र में हुई एक जघन्य हत्या के मामले में अदालत ने कड़ा रुख अपनाया है. कोर्ट ने मामले में दो आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई. दोनों पर एक आदमी को कार से कुचलकर मौत के घाट उतारने का आरोप था. वहीं, वहीं, फैसला सुनते ही आरोपियों ने कोर्टरूम में हंगामा किया. साथ ही जज को ‘देख लेने’ की खुली धमकी दे दी.
चतुर्थ अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने जयदीप और पिंटू चौहान को दोषी ठहराया. दोनों पर 25-25 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया. मृतक पुखराज सिंह की बेटी अंजलि का विवाह आरोपी जयदीप के भाई प्रदीप से हुआ था. ससुराल पक्ष पर दहेज प्रताड़ित का मुकदमे दर्ज कराया गया, जिनकी पैरवी पुखराज सिंह कर रहे थे.
क्या है पूरा मामला, जो गहरी दुश्मनी में बदल गई?
यह हत्या दहेज उत्पीड़न के मुकदमों की पैरवी के चलते हुई थी. यही कानूनी लड़ाई गहरी दुश्मनी में बदल गई थी. 19 मई 2024 को पुखराज सिंह अपने खेत पर कार्य कर रहे थे. तभी कार से पहुंचे युवकों ने उन पर हमला कर दिया. प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, आरोपियों ने पहले मारपीट की, फिर उन्हें सड़क तक घसीटा और कार से टक्कर मार कर कुचल दिया.
वारदात के बाद आरोपी फरार हो गए. स्थानीय लोगों ने जयदीप, पिंटू चौहान और एक अन्य व्यक्ति की पहचान की थी.
पुलिस ने विवेचना के बाद जयदीप और पिंटू चौहान के खिलाफ हत्या की चार्ज शीट कोर्ट में प्रस्तुत करते हुए ट्रायल शुरू करा दिया. मृतक की पत्नी रेनू की तहरीर और बेटी अंजलि की गवाही ने अभियोजन पक्ष को मजबूती दी.
‘न्याय नहीं अन्याय कर रहे हो, जज साहब’, दोषी
अदालत द्वारा दोष सिद्ध किए जाने और सजा सुनाए जाने के बाद दोनों अभियुक्तों पिंटु और जयदीप को हिरासत में ले लिया गया. इतने में दोनो ने कोर्ट परिसर में जमकर हंगामा किया. उन्होंने जज से कहा, ‘न्याय नहीं अन्याय कर रहे हो, जज साहब’, और भुगत लेने की धमकी तक दे डाली. वहीं, इस घटना के बाद जज की सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है.
