ओवरटेक करते ही 10 फीट हवा में उछली कार; अतीक के बेटे अबान के एक्सीडेंट का वीडियो
माफिया अतीक अहमद के बेटे अबान की सड़क दुर्घटना का कथित डैशबोर्ड कैमरा वीडियो सामने आया है. हादसा 6 अगस्त को झांसी से करीब 70 किलोमीटर पहले पूंछ थाना क्षेत्र में हुआ था. वीडियो में तेज रफ्तार क्रेटा कार एक पिकअप को ओवरटेक करने के बाद अचानक अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकराती दिखाई दे रही है. टक्कर के बाद कार कई फीट हवा में उछलती नजर आती है. हादसे में 21 वर्षीय अबान और उसके दोस्त सोनू की मौत हो गई थी.
माफिया अतीक अहमद के बेटे अबान की सड़क दुर्घटना का कथित वीडियो सामने आया है. हादसा 6 अगस्त को झांसी से करीब 70 किलोमीटर पहले पूंछ थाना क्षेत्र में हुआ था. अब सामने आए डैशबोर्ड कैमरे के वीडियो में तेज रफ्तार क्रेटा कार एक पिकअप वाहन को ओवरटेक करने के बाद अचानक बेकाबू होती दिखाई दे रही है. इसके बाद कार सड़क के डिवाइडर से जा टकराती है. टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार कई फीट तक हवा में उछलती नजर आ रही है.
वीडियो अबान की कार के पीछे चल रही एक दूसरी कार के डैशबोर्ड कैमरे में रिकॉर्ड हुआ बताया जा रहा है. हादसे में 21 वर्षीय अबान और उसके दोस्त सोनू की मौत हो गई थी. अबान अपने भाई अली से मिलने झांसी जेल जा रहा था. इस हादसे में तीन गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिनका अलग-अलग अस्पताल में इलाज चल रहा है.
ओवरटेक करने के बाद अचानक बेकाबू हुई कार
सामने आए वीडियो में सड़क पर यातायात सामान्य दिखाई दे रहा है. इसी दौरान एक क्रेटा कार आगे चल रहे पिकअप वाहन को ओवरटेक करती है. ओवरटेक करने के कुछ ही क्षण बाद कार का संतुलन बिगड़ता दिखाई देता है. कार तेजी से डिवाइडर की ओर जाती है और जोरदार टक्कर के बाद हवा में उछल जाती है. वीडियो में टक्कर की भयावहता साफ दिखाई देती है. बताया जा रहा है कि हादसे के वक्त कार की रफ्तार करीब 120 किलोमीटर प्रति घंटे थी.
वीडियो के घटनास्थल से मेल खाने की बात भी सामने आई है. घटनास्थल के आसपास मौजूद घर और सड़क की स्थिति को हादसे के बाद की तस्वीरों से मिलाया गया है. उपलब्ध जानकारी के आधार पर इसे अबान की कार के हादसे का वीडियो बताया जा रहा है.
हादसे के वक्त कार में पांच लोग सवार थे
अबान गुरुवार 6 अगस्त की सुबह प्रयागराज से झांसी के लिए निकला था. क्रेटा कार में अबान समेत पांच लोग सवार थे. कार उसका साथी जैद चला रहा था. अबान आगे वाली सीट पर बैठा था, जबकि उसके पीछे सोनू बैठा था. बताया गया कि कार तेज रफ्तार में झांसी की ओर जा रही थी. पूंछ थाना क्षेत्र में पिकअप को ओवरटेक करने के बाद कार अनियंत्रित हो गई और उसी दिशा के डिवाइडर से टकरा गई, जिस तरफ अबान बैठा था.
प्रत्यक्षदर्शी ने लोहे की रॉड से तोड़ा था कार का दरवाजा
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई. अबान और सोनू को गंभीर चोटें आईं और दोनों की मौके पर ही मौत हो गई. हादसे के बाद मौके पर सबसे पहले पहुंचने वाले लोगों में शामिल प्रत्यक्षदर्शी दीपक यादव ने दुर्घटना की भयावह स्थिति बताई थी. उनके मुताबिक, तेज आवाज सुनने के बाद वह घटनास्थल पर पहुंचे. कार में सवार लोग बुरी तरह घायल थे. कार का दरवाजा नहीं खुल रहा था. इसके बाद उन्होंने पास के एक घर से लोहे की रॉड यानी सब्बल लाकर कार का दरवाजा तोड़ा.
दीपक के मुताबिक, उन्होंने सबसे पहले एक युवक को कार से बाहर निकाला. युवक के शरीर पर गंभीर चोटें थीं और उसके मुंह से खून निकल रहा था. युवक ने अपना नाम अबान बताते हुए मदद की गुहार लगाई. इसके कुछ देर बाद उसकी हालत बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई. दीपक ने तुरंत पुलिस को सूचना दी. जब तक पुलिस पहुंची, तब अबान के साथ ही सोनू की भी मौके पर मौत हो गई थी, जबकि बाकी तीन की हालत गंभीर थी.
पोस्टमॉर्टम में सामने आईं गंभीर अंदरूनी चोटें
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के मुताबिक, टक्कर के कारण अबान को शरीर के अंदर गंभीर चोटें आई थीं. रिपोर्ट में लीवर, लंग्स और तिल्ली के फटने तथा पसलियां टूटने की बात सामने आई है. तेज चोटों के कारण शरीर के अंदर काफी रक्तस्राव हुआ, जिसे उसकी मौत की प्रमुख वजह बताया गया. हादसे में अबान के पीछे बैठे उसके साथी सोनू की भी मौत हो गई. उसके सिर में गंभीर चोट और हड्डी टूटने की बात पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सामने आई.
अतीक की कब्र के पास दफनाया गया अबान
हादसे की तस्वीरों से भी कार को हुए नुकसान का अंदाजा लगाया जा सकता है. कार का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया था. हादसे में मौत के बाद अबान को 8 अगस्त को प्रयागराज में उसके पिता अतीक अहमद की कब्र के पास दफनाया गया. जनाजे में उसके भाइयों अली, उमर और अहजम ने अबान को कंधा दिया. अबान की मां शाइस्ता परवीन जनाजे में शामिल नहीं हुईं. शाइस्ता 2023 से फरार बताई जा रही हैं.
भाई के जनाजे में शामिल होने के लिए अली-उमर को मिली परोल
अबान के जनाजे में शामिल होने के लिए उसके भाइयों अली और उमर को इलाहाबाद हाईकोर्ट से परोल मिली थी. इसके बाद पुलिस दोनों को कड़ी सुरक्षा के बीच प्रयागराज लेकर पहुंची. अली झांसी जेल में बंद था, जबकि उमर लखनऊ जेल में था. दोनों को अलग-अलग जगहों से पुलिस सुरक्षा में लाया गया. सुरक्षा को देखते हुए पुलिस वाहन पर पर्दे लगाए गए थे, ताकि उनका चेहरा सार्वजनिक रूप से दिखाई न दे. करीब चार साल में पहली बार अली और उमर को परोल मिली थी.
(रिपोर्ट- अमित सोनी)