बरेली में फिर बम की धमकी, पुराने पासपोर्ट ऑफिस को उड़ाने वाला ईमेल आया
बरेली के पुराने पासपोर्ट कार्यालय को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद हड़कंप मच गया. पुलिस, बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वाड ने घंटों तलाशी ली, लेकिन कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली. बार-बार ईमेल से मिल रही धमकियों के चलते साइबर टीम ने इस बार गहन जांच शुरू कर दी है.
बरेली के प्रियदर्शनी नगर स्थित पुराने पासपोर्ट कार्यालय को गुरुवार को एक बार फिर बम से उड़ाने की धमकी मिलने से हड़कंप मच गया. धमकी कार्यालय के आधिकारिक ईमेल पर भेजी गई, जिसके बाद पूरे प्रशासनिक तंत्र में हलचल शुरू हो गई. सूचना मिलते ही पुलिस, बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वाड मौके पर पहुंच गए और गहन तलाशी ली.
सुरक्षा एजेंसियों ने कार्यालय के सभी कमरों, रिकॉर्ड रूम, गलियारों, छत और आसपास के इलाके की बारीकी से जांच की. किसी भी कोने को बिना देखे नहीं छोड़ा गया. हालांकि, कई घंटे तक चली गहन जांच के बाद कहीं भी कोई संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक सामग्री नहीं मिली. कार्यालय को सुरक्षित घोषित करने के बाद अधिकारियों ने राहत की सांस ली.
ईमेल की पूरी डिजिटल ट्रेल खंगाल रही एजेंसियां
जांच के दौरान कार्यालय में मौजूद लोगों को भी सतर्क रखा गया था. पुलिस के मुताबिक, यह पहली बार नहीं है जब पुराने पासपोर्ट कार्यालय को इस तरह की धमकी मिली हो. इससे पहले भी कई बार इसी कार्यालय के नाम पर बम से उड़ाने की धमकी वाले ईमेल भेजे जा चुके हैं. हर बार मौके पर पहुंचकर जांच की, लेकिन कोई विस्फोटक बरामद नहीं हुआ.
बार- बार की धमकियों को लेकर सुरक्षा एजेंसियां इसे गंभीरता से ले रही हैं. घटना के बाद साइबर सेल की मदद से जांच शुरू कर दी है. अधिकारी यह पता लगाने का प्रयास कर रहे हैं कि धमकी भरा ईमेल किस आईपी एड्रेस, सिस्टम या नेटवर्क से भेजा गया. तकनीकी टीम ईमेल की पूरी डिजिटल ट्रेल खंगाल रही है जिससे आरोपी की पहचान कर लिया जाए.
सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन करते परिसर की जांच
वहीं प्रेमनगर थाने के इंस्पेक्टर सुरेंद्र कुमार ने बताया कि धमकी मिलने के बाद सभी सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन करते हुए पूरे परिसर की जांच कराई गई. फिलहाल कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली है. पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और ईमेल भेजने वाले की पहचान करने के प्रयास जारी हैं. ताकि आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सके.