‘गाय हमारी माता है, पशु नहीं’, मौलानाओं की मांग पर भड़के CM योगी; बोले- ये दोगलापन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मौलानाओं के गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग की आलोचना की. उन्होंने कहा कि गाय हमारी मां है और मां-बेटे के रिश्ते को किसी घोषणा की आवश्यकता नहीं पड़ती. साथ ही स्पष्ट चेतावनी दी कि यूपी में गौहत्या का मतलब जान रहे हो ना क्या होगा?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को बिजनौर में पाकिस्तान से विस्थापित 1645 परिवारों को जमीन का मालिकाना हक सौंपे. साथ ही पिछली सरकारों की आलोचना की, जिन्होंने इन परिवारों को अधिकार नहीं दिए थे. इस दौरान सीएन योगी ने ‘गौ माता’ पर मौलानाओं को जवाब देते हुए कहा कि गाय हमारी माता है, वह पशु नहीं. पशु तुम्हारी बुद्धि है.
सीएम योगी ने यहां आयोजित समारोह को संबोधित करते कहा, ‘मैं इस समय एक चलन देख रहा हूं, तमाम मौलवी और मौलाना इस समय एक बयान दे रहे हैं, कह रहे हैं गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करो. हमने कहा कि गौ हमारी माता है, जन्म-जन्मांतर का नाता है. क्या मां और पुत्र के बीच में कुछ घोषित करने की आवश्यकता पड़ती है क्या?’
‘बकरईद पर गौमाता का चित्र दिखा बधाई दे रहे थे’
मुख्यमंत्री ने मंच से करारा जवाब देते कहा, ‘क्या किसी पुत्र को बताने की आवश्यकता पड़ती है कि तुम्हारी मां है, इसका सम्मान करो? ये हमारे संस्कार हैं. हमने अपनी मां के बारे में जो सम्मान का भाव रखते हैं, वह भी और हमने गाय को माता माना है, तो गाय तो हमारे लिए माता है, वह पशु नहीं, पशु तुम्हारी बुद्धि है, जो तुम हमारी गौमाता को पशु बोलते हो.’
उन्होंने आगे कहा, ‘तुम्हारी सोच पशुवत है, जो तुम गौमाता को पशु बोल रहे हो, और तुम्हारा ये दोगलापन है, कि जो एक ओर गौकशी को प्रश्रय देते हो. मैं देख रहा था बकरीद में, उनके तमाम चेले-चपाटे अपने सोशल मीडिया हैंडल पर बकरईद पर गौमाता का चित्र दिखा करके कह रहे थे कि बकरीद की बधाई दे रहे थे.’ उन्होंने इन सभी तो सख्त चेतावनी दी.
‘अपने चेले-चपाटों को समझा लो, नहीं तो…’,
सीएम योगी ने कहा कि, ‘मैं उनको बोलना चाहता हूं, यूपी में गौहत्या का मतलब जान रहे हो ना क्या होगा? अगर जान रहे हो तो फिर अपने चेले-चपाटों को समझा लो, नहीं तो गौमाता के साथ किसी भी प्रकार की कोई हिमाकत की तो कई-कई पीढ़ियां याद करेंगी.’ उन्होंने कहा कि गौहत्या करने या उसका प्रयास करने वालों को गंभीर परिणाम भुगतने होंगे.