ऐसा क्या गुनाह किया? फारेस्ट गार्ड ने किसान को बीच सड़क पर गिराकर पीटा, वायरल हो गया वीडियो
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में एक फारेस्ट गार्ड ने खेत से नीलगाय भगा रहे किसान को बीच सड़क पर बेरहमी से पीटा. इस बर्बरता का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसमें किसान दर्द से कराहता दिख रहा है. वीडियो सामने आने के बाद वन विभाग ने आरोपी गार्ड को निलंबित कर दिया है और विभागीय जांच शुरू कर दी है.
उत्तर प्रदेश में सीएम सिटी गोरखपुर में वन विभाग के एक फारेस्ट गार्ड की बर्बरता का वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है. इसमें फारेस्ट गार्ड एक किसान को बीच सड़क पर घसीटकर लाठी से पीटते नजर आ रहा है. किसान दर्द के कराह रहा है, माफी मांग रहा है, लेकिन गार्ड का दिल नहीं पसीज रहा. वह उसे भद्दी भद्दी गालियां देते हुए घसीटते हुए चौकी पर ले जाता है, जहां उसे फिर से लाठी से पीटता है. मौके पर मौजूद किसी व्यक्ति ने इस पूरे घटनाक्रम को अपने मोबाइल कैमरे में कैद कर लिया.
अब यही वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है. इसके बाद वन विभाग ने आरोपी गार्ड को सस्पेंड कर दिया है.जानकारी के मुताबिक सोमवार को किसान दिनेश निषाद के खेत नीलगाय आ गई थीं. उसने इन्हें खदेड़ा तो यह सभी फॉरेस्ट रेंज में पहुंच गईं. इतनी सी बात पर फॉरेस्ट गार्ड भड़क गया. उसने लाठी उठाया और नील गायों को भगाने के बजाय किसान की बीच सड़क पर गिराकर पिटाई शुरू कर दी. इस घटना में किसान गंभीर रूप से घायल हो गया है.
कैंपियरगंज की है घटना
किसान ने बताया कि वह कैंपियरगंज में जंगल बब्बन के टोला पोखरहवा का रहने वाला है. सोमवार की शाम करीब 4 बजे उसने अपने खेत से नीलगायों को भगाने का प्रयास किया था. इसी दौरान फारेस्ट गार्ड ने उसे चौकी पर बुलाकर बुरी तरह मारपीट और गाली गलौज की. पीड़ित किसान ने बताया कि उसने आरोपी के सामने बार बार माफी मांगी, छोड़ देने की गुहार की, लेकिन वह तब तक पीटता रहा, जबतक कि खुद थक नहीं गया.
वायरल वीडियो पर एक्शन
इस घटना का वीडियो एक दिन बाद मंगलवार को तेजी से वायरल हुआ.इसके बाद हरकत में आए वन विभाग के अधिकारियों ने संज्ञान लेते हुए आरोपी फारेस्ट गार्ड को सस्पेंड किया है. उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी शुरू की गई है. डीएफओ विकास यादव ने बताया कि मोईनाबाद फॉरेस्ट चौकी पर तैनात फॉरेस्ट गार्ड विवेक मौर्य को सस्पेंड कर दिया गया है. उसके खिलाफ विभागीय जांच शुरू कर दी गई है. इस मामले में किसान के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं.
