पहले भरोसे में लेकर रेप, फिर 70 हजार में बेचा; बड़ी दर्दनाक है नाबालिग की दास्तां
कौशांबी पुलिस ने एक बड़े मानव तस्करी गैंग का भंडाफोड़ किया है. यह गैंग नाबालिग लड़कियों को प्रेम जाल में फंसाकर उनका रेप करता और फिर दूसरे जिलों व राज्यों में बेच देता था. पुलिस ने एक नाबालिग पीड़िता को बचाया और गैंग के पांच सदस्यों को कानपुर से गिरफ्तार किया है. आरोपियों पर अपहरण, रेप और पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच जारी है.
उत्तर प्रदेश की कौशांबी पुलिस ने मानव तस्करी के गैंग का खुलासा किया है. इस गैंग के बदमाश नाबालिग लड़कियों को प्रेम जाल में फंसाकर पहले रेप करते थे और फिर उन्हें दूसरे जिलों या राज्यों में ले जाकर बेच देते थे. कौशांबी पुलिस ने मामले की जांच करते हुए एक नाबालिग लड़की को बरामद किया है. वहीं गैंग में शामिल पांच लोगों को अरेस्ट किया है. अब पुलिस इस गैंग द्वारा अंजाम दिए गए अन्य वारदातों की पड़ताल कर रही है.
पुलिस के मुताबिक गैंग के 5 सदस्यों को कानपुर से गिरफ्तार किया है. इनमें 2 महिलाएं अनुराधा, मंजू देवी और 3 पुरुष सुमित कुमार, शाहरुख हुसैन और अंशु जाटव शामिल हैं. ये सभी आरोपी कासगंज, हाथरस, एटा और मैनपुरी जिले के रहने वाले हैं. पुलिस ने इन आरोपियों के पास से 7 मोबाइल फोन और 13,150 रुपए नकद बरामद किए हैं. पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ, अपहरण, रेप और मानव तस्करी के अलावा पॉक्सो एक्ट की धाराओं में मामला दर्ज कर इनसे पूछताछ शुरू कर दी है है.
ऐसे हुआ खुलासा
एसपी कौशांबी सत्यनारायण प्रजापत के मुताबिक कोखराज थाना पुलिस को बीते 25 मार्च को एक शिकायत मिली थी. इसमें थाना क्षेत्र के रहने वाले एक व्यक्ति ने बताया था कि उसकी नाबालिग बेटी घर से नाराज होकर कहीं चली गई है. इस सूचना पर पुलिस ने लड़की की तलाश शुरू की. सर्विलांस की मदद से पुलिस ने इस लड़की का पीछा किया उसकी लोकेशन कानपुर में मिली. इसके बाद कौशांबी पुलिस ने दबिश देकर 22 अप्रैल की शाम किशोरी को बरामद कर लिया.
दिल दहला देगी दास्तां
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि कानपुर रेलवे स्टेशन पर उसकी मुलाकात मैनपुरी के रहने वाले अंशु जाटव से हुई. उसने सब्जबाग दिखाकर झांसे में लिया और उसे एटा के नया गांव अलीपुर में रहने वाले शाहरुख हुसैन के घर ले गया. जहां दोनों उसके साथ रेप किया. फिर इन दोनों ने हाथरस के सिकंदराराऊ के उमरायपुर गांव में रहने वाली अनुराधा पत्नी हरी सिंह के साथ मिलकर कासगंज के गौसगंज गांव में रहने वाली मंजू देवी को 70 हजार रुपए में बेच दिया. इसके बाद मंजू ने जबरन उसकी शादी अपने देवर सुमित से करा दी.
दास्तां सुनाते रो पड़ी पीड़िता
पुलिस की पूछताछ में पीड़िता ने बताया कि उसके साथ बार बार रेप हुआ. जब भी उसने विरोध किया या विरोध करने की कोशिश की तो उसके साथ मारपीट की गई. ऐसे में उसने आरोपियों के चंगुल से मुक्त होने की उम्मीद ही छोड़ दी थी. पुलिस के सामने रोते हुए पीड़िता ने बताया कि शादी के बाद आरोपियों ने उसे एक कमरे में बंद कर दिया था. यहां भी उसके साथ कई बार रेप हुआ.