‘वेज है बिना लहसुन प्याज की मछली…’ ये क्या बोल रहे ओमप्रकाश राजभर, निषाद के बयान का समर्थन
अयोध्या में कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय के कथित मछली भोज पर सियासी बवाल मचा है. मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने कहा, 'बिना लहसुन-प्याज की मछली वेज है.' उन्होंने संजय निषाद के बयान का समर्थन किया, जिसमें हनुमान गढ़ी दर्शन के बाद और सावन में मछली खाने पर आपत्ति जताई गई थी. इस मुद्दे पर उत्तर प्रदेश की सियासत गर्मा गई है.
रामनगरी अयोध्या में कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय की कथित मछली भोज को लेकर उत्तर प्रदेश में बवाल मच गया है. इसी बीच उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने इसी मछली भोज को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि यदि मछली बिना लहसुन प्याज के बने तो वेज अन्यथा नॉनवेज है. उन्होंने इस बयान के साथ ही निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय निषाद के बयान का समर्थन भी किया. कैबिनेट मंत्री संजय निषाद के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि उनके बयान में दिक्कत क्या है, सही तो कह रहे हैं.
वह यही नहीं रूके, कहा कि अब सवाल कांग्रेस अध्यक्ष से होनी चाहिए कि उनकी मछली प्याज-लहसुन डालकर बनी थी या उसके बिना. वहीं जब उनसे पूछा गया कि मछली शाकाहारी कैसे हुई, तो इसके जवाब में राजभर ने कहा कि इस सवाल का सही जवाब संजय निषाद ही दे सकते हैं. मछली के बारे में वो ज्यादा जानकार हैं. मंत्री ओम प्रकाश राजभर के इस बयान के बाद उत्तर प्रदेश में मछली पर सियासी बवाल और गरमा गया है.
निषाद ने क्या कहा था?
कांग्रेस अध्यक्ष के मछली भोज को लेकर कैबिनेट मंत्री संजय निषाद ने प्रतिक्रिया दी थी. उन्होंने कहा कि निषादों के लिए मछली पर कोई प्रतिबंध नहीं है. वो ढोंग नहीं करते. सुबह उठते है, नदी में जाल डालते हैं और मछली पकड़कर खा लेते हैं. भाजपा को आपत्ति निषादों के मछली खाने पर नहीं, बल्कि कांग्रेस अध्यक्ष पर है. वो हनुमान गढ़ी में दर्शन करते हैं और फिर मछली भोज करते हैं. संजय निषाद ने सावन में मछली खाने पर आपत्ति की थी. कहा कि यह मछलियों का प्रजनन काल होता है.
दिया परंपरा का उदाहरण
ओमप्रकाश राजभर ने बंगाल में बीजेपी नेताओं के मछली खाने पर भी प्रतिक्रिया दी. कहा कि अलग-अलग राज्यों की अपनी परंपरा होती है. बंगाल में तो पूजा-पाठ के दौरान भी मछली खाने की परंपरा है. यह परंपरा उत्तर प्रदेश में नहीं है.बता दें कि हाल ही में कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय अयोध्या दौरे पर थे. इस दौरान निषाद समाज ने स्वागत कार्यक्रम आयोजित किया था. इसमें कथित तौर पर मछली परोसे जाने की बात सामने आई थी. इसके बाद से ही बीजेपी नेताओं ने सवाल उठाना शुरू किया था.
