लखनऊ में विरोध-हंगामे के बीच अवैध डेयरियों से जब्त 243 भैसें नीलाम, 58.89 लाख की कमाई
लखनऊ नगर निगम मुख्यालय में अवैध डेयरियों से पकड़ी गई 243 भैंसों की नीलामी को लेकर सोमवार को जमकर हंगामा हुआ. 242 भैंस और एक भैंसे की नीलामी में कुल 58.89 लाख रुपये की बोली लगी. नीलामी का विरोध करते हुए सपा यूथ ब्रिगेड, पशुपालकों और आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया. आरोप लगाया गया कि लखनऊ के बाहर के लोग, कुछ कथित कसाई भी नीलामी में शामिल हो रहे हैं.
अवैध डेयरियों के खिलाफ कार्रवाई में पकड़ी गई 243 भैंसों की नीलामी को लेकर सोमवार को लखनऊ नगर निगम मुख्यालय में जमकर हंगामा हुआ. नगर निगम ने 242 भैंस और एक भैंसे की नीलामी की प्रक्रिया शुरू की थी. नीलामी में कुल 58 लाख 89 हजार रुपये की बोली लगी. इसी दौरान सपा यूथ ब्रिगेड, पशुपालकों और आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया. नीलामी में अधिक बोली लगाने वाले लोगों को धमकाने का भी आरोप लगा.
विरोध कर रहे लोगों का आरोप था कि नीलामी में लखनऊ के बाहर के लोग शामिल हो रहे हैं. प्रदर्शनकारियों ने यह भी आरोप लगाया कि इनमें कुछ लोग कसाई हैं. हंगामा बढ़ने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली. नीलामी के दौरान सीतापुर से आए एक युवक के साथ मारपीट की घटना भी सामने आई. आरोप है कि कुछ लोगों ने युवक को लात-घूंसों से पीटा. पुलिस ने बीच-बचाव कर स्थिति को नियंत्रित किया.
सपा विधायक अरमान खान धरने पर बैठे
हंगामे की जानकारी मिलने के बाद लखनऊ पश्चिम विधानसभा से सपा विधायक अरमान खान भी मौके पर पहुंच गए. विधायक पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ धरने पर बैठ गए और नीलामी प्रक्रिया रोकने की मांग की. अरमान खान ने अपर नगर आयुक्त डॉ. अरविंद कुमार राव को पत्र देकर नीलामी स्थगित करने की मांग की. उनका कहना था कि नीलामी में शामिल होने के इच्छुक कई लोग फिलहाल शहर से बाहर हैं, इसलिए उन्हें भी मौका मिलना चाहिए.
पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हटाया
सपा विधायक अरमान खान ने यह सवाल भी उठाया कि जब नीलामी के लिए दोपहर 2 बजे तक का समय निर्धारित था तो उसके बाद पहुंचे लोगों को प्रक्रिया में शामिल क्यों किया जा रहा है. विरोध बढ़ने के बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को मौके से हटाया. पुलिस ने हल्का बल प्रयोग भी किया. कुछ प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने उठाकर बस में बैठाया और ईको गार्डन भेज दिया. स्थिति को देखते हुए नगर निगम मुख्यालय में पुलिस बल तैनात किया गया.
अपर नगर आयुक्त ने कहा- आज ही होगी नीलामी
विधायक की ओर से नीलामी स्थगित करने की मांग पर अपर नगर आयुक्त डॉ. अरविंद कुमार राव ने स्पष्ट किया कि नीलामी प्रक्रिया को आज ही पूरा किया जाएगा. अधिकारी ने बताया कि विधायक की मांग पर विचार किया गया है, लेकिन फिलहाल नीलामी कराने का फैसला लिया गया है. नीलामी प्रक्रिया में शामिल होने के लिए करीब 37 लोगों ने 1 लाख 2 हजार 100 रुपये की निर्धारित धरोहर राशि जमा की थी.
40 भैंसों की बोली 4.40 लाख से शुरू, 12.01 लाख में बिकी
ठाकुरगंज कांजी हाउस में रखी 40 भैंसों की नीलामी 4 लाख 40 हजार रुपये से शुरू हुई. बोली बढ़ते-बढ़ते 12 लाख 1 हजार रुपये तक पहुंची. मोहम्मद शाकिर ने सबसे अधिक बोली लगाकर यह नीलामी जीती. वहीं, 20 भैंस और एक पड़िया के लिए शमीम अहमद ने 5 लाख 51 हजार रुपये की सबसे अधिक बोली लगाई. पूरी नीलामी प्रक्रिया में अलग-अलग समूहों में रखे पशुओं पर बोली लगाई गई.
16 अगस्त को शुरू हुआ था अवैध डेयरियों के खिलाफ अभियान
दरअसल, लखनऊ के पारा इलाके में बड़ी संख्या में अवैध डेयरियां संचालित होने की शिकायतों के बाद नगर निगम ने कार्रवाई शुरू की थी. 16 अगस्त को नगर निगम की टीम पुलिस के साथ अतिक्रमण हटाने पहुंची थी. इस दौरान स्थानीय लोगों ने एक दरोगा पर हमला कर दिया था. इसके बाद 17 और 18 अगस्त को भी अभियान चलाया गया. अभियान के दौरान नगर निगम की टीम ने 241 भैंस, एक भैंसा और एक पड़िया पकड़ी थी.
एक भैंस की न्यूनतम बोली 20,500 रुपये
नगर निगम ने नीलामी के लिए एक भैंस की न्यूनतम बोली 20,500 रुपये निर्धारित की थी. नीलामी में शामिल होने वाले इच्छुक लोगों को 1,02,100 रुपये की धरोहर राशि जमा करनी थी. नीलामी पूरी होने के बाद जिन लोगों की बोली स्वीकार नहीं होगी, उनकी धरोहर राशि वापस करने का प्रावधान रखा गया था. वहीं, सबसे अधिक बोली लगाने वाले व्यक्ति की जमा राशि तब तक सुरक्षित रहेगी. तय समय में पूरी रकम जमा नहीं करने पर धरोहर राशि जब्त की जा सकती है.
जब्त पशुओं के मालिक नीलामी में नहीं ले सकते हिस्सा
नगर निगम ने स्पष्ट किया था कि जिन पशुपालकों के मवेशी कार्रवाई के दौरान जब्त किए गए हैं, वे खुद या किसी दूसरे व्यक्ति के माध्यम से नीलामी में हिस्सा नहीं ले सकेंगे. नगर निगम के पशु कल्याण अधिकारी डॉ. अभिनव वर्मा के मुताबिक, इन पशुओं को नीलाम करने का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि अवैध डेयरी संचालक दोबारा इन्हें खरीदकर शहर में अवैध डेयरी का संचालन न कर सकें.
नीलामी पर सपा का सवाल- सिर्फ लखनऊ के लोगों को मिले मौका
सपा पार्षदों ने नीलामी प्रक्रिया में बाहरी लोगों के शामिल होने पर सवाल उठाए. पार्षद यायावर हुसैन रेशु ने कहा कि नीलामी में सिर्फ लखनऊ के लोगों को शामिल किया जाना चाहिए था. वहीं सपा पार्षद शफीकुर रहमान चचा ने भी सवाल उठाया कि पहले भी अवैध डेयरियों के खिलाफ कार्रवाई हुई थी, लेकिन उस समय नीलामी क्यों नहीं कराई गई. सपा विधायक अरमान खान का कहना है कि दरोगा पर हमला करने वालों के खिलाफ कार्रवाई हो चुकी है, लेकिन अब पशुपालकों को भी परेशान किया जा रहा है.
