बिजली संकट पर BJP के विधायक भी हो गए परेशान, उर्जा मंत्री को लिखी चिट्ठी, बोले- जनता है बेहद नाराज
लखनऊ के सरोजनीनगर से विधायक राजेश्वर सिंह ने बिजली कटौती को लेकर ऊर्जा मंत्री एके. शर्मा को चिट्ठी लिखी है. उन्होंने एके शर्मा को राज्य की बिजली व्यवस्था सुधारने के लिए सिंगापुर और अमेरिका मॉडल अपनाने की सलाह दी है. साथ ही यह भी कहा है कि बिजली कटौती से जनता में बेहद नाराजगी है.
पूरा उत्तर प्रदेश इस वक्त बिजली संकट से जूझ रहा है. राजधानी लखनऊ में बिजली कटौती का मामला सामने आ रहा है. 20 मई की रात तो यहां 3 घंटे तक बिजली गुल रही है. ऐसे में विद्युत कटौती से गुस्साए लोगों का गुस्सा पर फूट पड़ा. उन्होंने बिजली घर का घेराव कर लिया. खबर आ रही है भाजपा के विधायक भी बिजली कटौती से नाराज हैं और अपनी सरकार के मंत्री से परेशान हैं.
राजेश्वर सिंह ने उर्जा मंत्री एके शर्मा को लिखी चिट्ठी
लखनऊ के सरोजनीनगर से विधायक राजेश्वर सिंह ने बिजली कटौती को लेकर ऊर्जा मंत्री एके. शर्मा को चिट्ठी लिखी है. उन्होंने एके शर्मा को राज्य की बिजली व्यवस्था सुधारने के लिए सिंगापुर और अमेरिका मॉडल अपनाने की सलाह दी है. इससे पहले विधायक नीरज बोरा भी बिजली संकट को लेकर सरकार को चिट्ठी लिख चुके हैं.
भीषण गर्मी में बिजली काटा जाना चिंताजनक
डॉ. राजेश्वर सिंह ने ऊर्जा मंत्री एके. शर्मा को चिट्ठी में लिखा कि इस भीषण गर्मी में बिजली का काटा जाना बहुत ही चिंता की बात है. बार-बार बिजली बाधित होना, लो वोल्टेज, ट्रांसफोर्मर ओवरलोड, फ्यूज फेलियोर जैसी शिकायतों के समाधान में देरी हो रही है. इससे आम जनता में काफी रोष है. यह समस्या सिर्फ इस साल की नहीं है, पिछले साल भी ऐसी ही स्थिति देखने को मिली थी.
बिजली संकट का हल जरूरी
एके शर्मा को लिखे पत्र में डॉक्टर राजेश्वर सिंह ने आगे लिखा है कि किसी भी हाल में बिजली संकट को हल करना बहुत जरूरी है. मेरे विधानसभा सरोजनी नगर में बिजली की समस्या बहुत ज्यादा हो रही है. लंबे समय तक बिजली न आने और लो वोल्टेज जैसी शिकायतों की भरमार है. आम जनता परेशान हो रही है.
अमेरिका और सिंगापुर मॉडल अपनाने की सलाह
डॉक्टर राजेश्वर सिंह ने लिखा बिजली की समस्या से निपटने के लिए अमेरिका और सिंगापुर मॉडल अपनाया जा सकता है. सिंगापुर में मरीना बे जैसे हाई-डेंसिटी कमर्शियल एरिया में डिस्ट्रिक्ट कूलिंग सिस्टम लागू किया गया है. इससे ऊर्जा की खपत में 20-30 % की सेविंग होती है. यह सिस्टम लखनऊ के एयरपोर्ट कोरिडोर, आईटी पार्क्स , लार्ज टाउनशिप और कमर्शियल हब में भी लागू किया जा सकता है.
