लखनऊ अग्निकांड में बड़ा एक्शन, LDA ने फिर सस्पेंड किए 5 इंजीनियर; बिल्डिंग पर चलेगा बुलडोजर
लखनऊ अग्निकांड में 15 बच्चों की मौत के बाद बड़ा एक्शन हुआ है. जांच में लापरवाही का मामला सामने आने के बाद LDA ने 5 और इंजीनियरों को निलंबित किया है. अब तक इस मामले में कुल 18 अधिकारियों पर गाज गिर चुकी है. इसी क्रम में एलडीए ने बिल्डिंग मालिक को ध्वस्तीकरण नोटिस थमा दिया है. इसी के साथ इमारत पर बुलडोजर चलाने का रास्ता साफ हो गया है.
राजधानी लखनऊ के अलीगंज अग्निकांड को लेकर एलडीए में बड़ी कार्रवाई हुई है. एलडीए ने अब 5 और इंजीनियरों को सस्पेंड कर दिया है. इनमें एलडीए की सहायक अभियंता (AE) संजय शुक्ला, अधीक्षक अभियंता आनंद मिश्रा, अधिशासी अभियंता शिवेंद्र शुक्ला, अवर अभियंता हेमंत कुमार और सुपरवाइजर/ बेलदार हरपाल शामिल हैं. इससे पहले 2 इंजीनियर सस्पेंड किए गए थे. वहीं विद्युत और फायर विभाग के भी चार अधिकारी सस्पेंड हो चुके हैं.
इसी के साथ बिल्डिंग पर बुलडोजर चलाने की भी तैयारी शुरू हो गई है. इस संबंध में बिल्डिंग मालिक वीरेंद्र शुक्ला को एलडीए ने ध्वस्तीकरण नोटिस थमा दिया है. उन्हें यह नोटिस उनके नए ठिकाने लखनऊ जेल में जाकर दिया गया. बता दें कि 22 जून को इस बिल्डिंग में आग लगी थी. इस आग में 15 बच्चों की जिंदा जलकर मौत हो गई थी. मामले की जांच में लापरवाही और अनियमितता का मामला सामने आया था. इसके बाद एलडीए ने 2 इंजीनियरों को सस्पेंड कर दिया था.
अब तक 18 अफसरों पर गिरी गाज
वहीं जांच के दौरान पांच अन्य इंजीनियरों की लापरवाही सामने आने के बाद इन्हें सस्पेंड किया गया है. इस मामले में बिजली कनेक्शन देने और फायर सेफ्टी संबंधी मामलों को लेकर भी संबंधित विभागों में कार्रवाई हुई. इस प्रकार अब तक इस घटना में कुल 18 अफसरों पर सस्पेंशन की कार्रवाई हो चुकी है. इनमें फायर विभाग से दो अधिकारियों के अलावा एलडीए के सहायक अभियंता अनिल कुमार, अवर अभियंता प्रमोद पांडेय भी शामिल हैं.
एफआईआर के बाद हुई गिरफ्तारी
इस मामले में पूर्व में गैर इरादतन हत्या के मामले में एफआईआर दर्ज किया गया था. इसके बाद पुलिस ने बिल्डिंग मालिक सहित पांच मुख्य आरोपी को अरेस्ट कर अदालत में पेश किया, जहां से सभी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया. अब मामले की जांच एसआईटी कर रही है. इस घटना के बाद प्रदेश भर में कोचिंग संस्थानों की जांच भी कराई जा रही है.
