शरीर को आर-पार भेद गईं 4 लोहे की सरियां, KGMU के डॉक्टरों ने बचा ली जान

लखनऊ के KGMU ट्रॉमा सेंटर के डॉक्टरों ने एक बेहद जटिल जीवनरक्षक सर्जरी कर युवक की जान बचाई. बादशाह नगर की निर्माणाधीन इमारत से गिरने पर चार लोहे की सरियां उसके शरीर को आर-पार भेद गई थीं, जिससे फेफड़े, डायफ्राम, आमाशय, छोटी आंत, प्लीहा और मूत्राशय समेत कई महत्वपूर्ण अंग गंभीर रूप से घायल हो गए. डॉक्टरों ने ATLS प्रोटोकॉल के तहत तुरंत इलाज शुरू किया और कई घंटे चली जटिल सर्जरी के बाद सभी सरियों को सफलतापूर्वक निकाल लिया.

KGMU के डॉक्टरों ने किया कमाल

किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) के ट्रॉमा सेंटर के डॉक्टरों ने एक बेहद जटिल जीवनरक्षक सर्जरी कर एक युवक को नई जिंदगी दी है. निर्माणाधीन इमारत से गिरने के दौरान युवक के शरीर में चार लोहे की सरियां आर-पार हो गई थीं. इन सरियों ने फेफड़े, डायफ्राम, आमाशय, छोटी आंत, प्लीहा और मूत्राशय सहित कई महत्वपूर्ण अंगों को गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त कर दिया था. डॉक्टरों की टीम ने कई घंटे तक चले ऑपरेशन के बाद सभी सरियों को बाहर निकाल लिया.

जानकारी के अनुसार, हादसा लखनऊ के बादशाह नगर स्थित एक निर्माणाधीन इमारत पर काम के दौरान हुआ. ऊंचाई से गिरने के कारण नीचे मौजूद चार लोहे की सरियां युवक के शरीर को आर-पार भेद गईं. गंभीर रूप से घायल अवस्था में उसे तत्काल KGMU ट्रॉमा सेंटर लाया गया, जहां उसकी हालत बेहद नाजुक थी.

ATLS प्रोटोकॉल के तहत तुरंत शुरू हुआ इलाज

ट्रॉमा सेंटर पहुंचते ही विशेषज्ञ डॉक्टरों ने एटीएलएस (Advanced Trauma Life Support) प्रोटोकॉल के तहत मरीज को पहले स्थिर किया. जांच में सामने आया कि सरियों ने शरीर के कई महत्वपूर्ण अंगों को गंभीर नुकसान पहुंचाया है. स्थिति को देखते हुए तुरंत आपातकालीन सर्जरी का फैसला लिया गया.

कई घंटे चली जटिल सर्जरी

डॉक्टरों ने लैपरोटॉमी (Laparotomy) और थोरेकोटॉमी (Thoracotomy) जैसी जटिल सर्जिकल प्रक्रियाओं का सहारा लिया. ऑपरेशन के दौरान सबसे बड़ी चुनौती उन लोहे की सरियों को निकालना था, जो हृदय और प्रमुख रक्त वाहिकाओं के बेहद करीब फंसी हुई थीं. अत्यधिक सावधानी और विशेषज्ञता के साथ डॉक्टरों ने चारों सरियों को सफलतापूर्वक बाहर निकाला. पूरी प्रक्रिया कई घंटे तक चली.

ICU में निगरानी, हालत पर डॉक्टरों की नजर

सर्जरी सफल होने के बाद मरीज को ट्रॉमा सेंटर के आईसीयू में भर्ती किया गया है. डॉक्टरों के मुताबिक उसकी स्थिति पहले से बेहतर है, हालांकि अभी उसे विशेषज्ञों की निगरानी में रखा गया है. आने वाले कुछ दिन उसके स्वास्थ्य के लिए बेहद महत्वपूर्ण होंगे. KGMU ट्रॉमा सेंटर के डॉक्टरों का कहना है कि इस तरह के मामलों में हर मिनट बेहद महत्वपूर्ण होता है. इस चुनौतीपूर्ण ऑपरेशन ने एक बार फिर KGMU ट्रॉमा सेंटर की उन्नत चिकित्सा सुविधाओं को साबित किया है.

Follow Us