जिस अवधेश साहू को CM के हाथों ने नहीं मिला सम्मान, उसे अखिलेश ने दिया 51 हजार!
स्वामी विवेकानंद की जयंती पर सीएम योगी आदित्यनाथ ने 10 युवाओं को विवेकानंद यूथ अवॉर्ड से सम्मानित किया. इस सम्मान समारोह के दौरान एक युवक रो पड़ा. उसका दावा है इस अवॉर्ड के लिस्ट में वह भी शामिल था. लेकिन अचानक सम्मान समारोह के पहले उसका नाम लिस्ट से हटा दिया गया. अब उस युवक को बुलाकर अखिलेश यादव ने अपनी तरफ से 51 हजार रुपये की धनराशि प्रदान की है.
राजधानी लखनऊ में सोमवार यानी 12 जनवरी को स्वामी विवेकानंद की जयंती पर राष्ट्रीय युवा दिवस मनाया गया. इस दौरान सीएम योगी आदित्यनाथ ने 10 युवाओं को विवेकानंद यूथ अवॉर्ड से सम्मानित किया. इन युवाओं को 50 हजार रुपए की पुरस्कार राशि, स्मृति चिह्न, अंगवस्त्र और प्रशस्ति पत्र दिया गया. यह कार्यक्रम इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान के जूपिटर हॉल में आयोजित किया गया था. इस कार्यक्रम के दौरान ही अवधेश कुमार नाम का एक युवक रो पड़ा.
अवधेश का दावा है कि उसका नाम इस अवॉर्ड को हासिल करने वाले लिस्ट में शामिल था. लेकिन अचानक सम्मान समारोह के पहले उसका नाम लिस्ट से हटा दिया गया. जिस दिन उसे सम्मान दिया जाना था, उसी दिन उसे अपमानित कर दिया गया.
अवधेश साहू ने क्या दावा किया?
बता दें कि अवधेश लखनऊ के मोहनलाल गंज के गनेश खेड़ा गांव का रहने वाला है.उसके दावे के मुताबिक अवॉर्ड के लिए 15 नामों की लिस्ट जारी हुई थी. इनमें से 10 लोगों का चयन होना था. उसका चयन भी हो गया था. इसके लिए उसे एक दिन पहले लेटर भी मिल गया था. अधिकारियों ने भी कॉल पर उसके सिलेक्ट होने की जानकारी दी थी. लेकिन ऐन वक्त पता नहीं क्या हुआ कि मेरा नाम ही काट दिया गया.अवधेश कुमार का कहना है कि उसे अपमानित किया गया है. लिस्ट में मेरा नाम होने के बावजूद इसलिए हटाया क्योंकि मैं साहू हूं. लिस्ट में गोरखपुर के लोगों को और ब्राह्मणों को शामिल कर लिया गया.
अखिलेश यादव ने दी अवधेश साहू को 51,000 रुपये
अब समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अवधेश कुमार साहू को बुलाकर 51,000 रुपये की धनराशि पुरस्कार स्वरूप प्रदान कर सम्मानित किया. समाजवादी पार्टी के सोशल मीडिया पर इसको लेकर एक पोस्ट और तस्वीर भी शेयर की गई है. पार्टी के X अकाउंट पर किए इस पोस्ट पर लिखा है कि राज्य स्तरीय विवेकानंद युवा पुरस्कार के लिए चयनित लखनऊ के अवधेश कुमार साहू ने, जिनका अंतिम क्षणों में नाम हटा दिया गया, आज समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से मिलकर अपनी पीड़ा बताई.
पोस्ट में आगे लिखा है कि अवधेश साहू को आज राष्ट्रीय युवा दिवस पर सम्मानित किया जाना था. इसके लिए उन्हें सम्मान समारोह में उपस्थित होने के लिए आमंत्रित भी किया गया था. अंत में ऊपरी दबाव पर सूची में फेरबदल कर अवधेश कुमार साहू का नाम हटा दिया गया. फिर अखिलेश यादव ने अवधेश कुमार साहू की आपबीती सुनकर उन्हें 51,000 रूपये (की धनराशि पुरस्कार स्वरूप प्रदान कर सम्मानित किया.
समाजवादी पार्टी के पोस्ट में और क्या कहा गया?
समाजवादी पार्टी की पोस्ट के मुताबिक अखिलेश यादव ने पुरस्कार सूची में हेराफेरी की निंदा करते हुए कहा कि यह कृत्य युवाओं के मनोबल को तोड़ने वाला है.समाजवादी पार्टी युवाओं के साथ है.उनके आत्मसम्मान और अधिकारों की रक्षा के लिए पार्टी संघर्षरत रहेगी.
