मथुरा की जन्माष्टमी इस बार होगी और भव्य, 500 ड्रोन आसमान में उकेरेंगे कान्हा की लीलाएं
इस जन्माष्टमी मथुरा में 5253वें श्रीकृष्ण जन्मोत्सव पर एक अभूतपूर्व आयोजन होगा. 4 सितंबर को ब्रज तीर्थ विकास परिषद 500 ड्रोन के जरिए आसमान में भगवान श्रीकृष्ण की लीलाएं प्रदर्शित करेगा. यह पहली बार है जब जन्मभूमि पर आस्था और आधुनिक तकनीक का ऐसा भव्य संगम देखने को मिलेगा.
भगवान श्रीकृष्ण की जन्मभूमि मथुरा में इस बार जन्माष्टमी का उत्सव एक नए और भव्य रूप में नजर आएगा. इस पावन धरा पर भगवान श्रीकृष्ण ने भाद्रपद कृष्ण पक्ष की अष्टमी की मध्यरात्रि में कंस के कारागार में अवतार लिया था, उसी पवित्र जन्मस्थल की धरती के साथ अब आसमान भी कृष्णमय होगा. श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की रात पहली बार 500 ड्रोन के जरिए भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं का भव्य दृश्य आसमान में प्रदर्शित किया जाएगा.
उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद के सीईओ लक्ष्मी नागप्पन ने बताया कि श्रीकृष्ण जन्मोत्सव को भव्य और दिव्य स्वरूप देने के लिए लगातार नए प्रयास कर रहा है. इसी कड़ी में 4 सितंबर की रात 9 से 10 बजे के बीच करीब 15 मिनट का ड्रोन शो आयोजित किया जाएगा. 500 ड्रोन आसमान में एक साथ उड़कर कान्हा की लीलाएं और आकृतियां बनाएंगे.
3 से 4 किलोमीटर तक दिखाई देगा शो
ड्रोन शो को इस तरह तैयार किया जा रहा है कि जो जन्मभूमि के आसपास करीब 3 से 4 किलोमीटर की दूरी तक दिखाई देगा. जन्माष्टमी पर मथुरा में पहले से ही लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना रहती है. ऐसे में ड्रोन शो उनके लिए इस बार उत्सव का नया आकर्षण होगा. श्रद्धालु भी आसमान में होने वाली इस अनूठी कृष्ण लीला के साक्षी बन सकेंगे.
लक्ष्मी नागप्पन ने बताया कि मथुरा जन्माष्टमी का विशेष महत्व है. श्रीकृष्ण ने इसी पावन भूमि पर अत्याचारी कंस के कारागार में अवतार लेकर अधर्म के अंत और धर्म की स्थापना का संदेश दिया था. देश-दुनिया के कृष्ण भक्तों के लिए मथुरा की जन्माष्टमी केवल एक धार्मिक पर्व नहीं, बल्कि भगवान के अवतरण की पावन स्मृति से जुड़ने का अवसर भी है.
आस्था के साथ तकनीक का संगम
जन्माष्टमी के पावन अवसर पर हर साल जन्मभूमि मंदिर में मध्यरात्रि जन्माभिषेक का आयोजन होता है. इसे देखने लाखों श्रद्धालु मथुरा पहुंचते हैं. उन्हें इस बार मथुरा में श्रद्धा, आस्था और आधुनिक तकनीक का अनूठा संगम देखने को मिलेगा. अयोध्या, वाराणसी समेत कई धार्मिक स्थलों पर ड्रोन शो का प्रयोग अब नया आकर्षण बन चुका है.
राजस्थान के चित्तौड़गढ़ जिले के मंडफिया स्थित प्रसिद्ध श्री सांवलिया सेठ मंदिर में जन्माष्टमी के अवसर पर ड्रोन शो के जरिए भगवान श्रीकृष्ण की 12 लीलाओं के दृश्य आसमान में प्रदर्शित किए जा चुके हैं. गुजरात के सोमनाथ मंदिर परिसर में भव्य शो आयोजित हुआ, जिसमें सोमनाथ के इतिहास, भगवान शिव और भारतीय संस्कृति से जुड़े दृश्य आसमान में उकेरे गए.
ऐसे में मथुरा में जन्मभूमि की पृष्ठभूमि में 500 ड्रोन से कृष्ण जन्म और लीलाओं का प्रदर्शन इस तकनीक को धार्मिक पर्यटन से जोड़ने की दिशा में एक और बड़ा प्रयोग है.