नोएडा की नामी मिठाई की दुकान पर आयकर का शिकंजा, पेट पूजा ऐप से बिलिंग हेरफेर का शक

नोएडा के नामी अग्रवाल स्वीट्स पर आयकर विभाग का शिकंजा कसा है. 40 घंटे से आईटी विभाग की कार्रवाई जारी है. इस सर्वे में बिक्री के आंकड़ों में हेराफेरी और टैक्स चोरी की आशंका है. 'पेट पूजा' ऐप के डेटा की गहन जांच की जा रही है. यह कार्रवाई अब अन्य प्रतिष्ठानों तक भी पहुंच गई है.

नोएडा अग्रवाल स्वीट्स पर आयकर कर छापा Image Credit:

आयकर विभाग की जांच शाखा ने रविवार सुबह नोएडा में स्थित अग्रवाल स्वीट्स पर सर्वे की कार्रवाई शुरू की. इस कार्रवाई में विभाग की सात टीमों में 100 अधिकारी शामिल है, जो 40 घंटे से लगातार जांच में जुटे हुए हैं. अचानक इस कार्रवाई से हड़कंप मचा है. प्रारंभिक जांच में बिक्री के आंकड़ों में गड़बड़ी और वास्तविक टर्नओवर छिपाने के संकेत मिले हैं.

सूत्रों के मुताबिक, जांच के दौरान डिजिटल रिकॉर्ड बिलिंग सिस्टम और अकाउंटिंग डाटा की गहन पड़ताल की जारी है. बताया जा रहा है कि पेट पूजा ऐप से आंकड़ों में हेरफेर का शक है, इसमें बिक्री कर भी छुपाया जा रहा था. यह कार्रवाई गाजियाबाद के लोकनाथ स्वीट्स और बुलंदशहर के बंसल बीकानेर के आउटलेट पर भी जारी है.

डिजिटल रिकॉर्ड और अकाउंटिंग सिस्टम खंगाले

सर्वे के दौरान अधिकारियों ने दुकानों के कंप्यूटर सिस्टम, अकाउंटिंग सॉफ्टवेयर, बिलिंग डाटा, डिजिटल रिकॉर्ड और वित्तीय दस्तावेजों की गहन जांच कर रहे हैं. जांच के दौरान कई महत्वपूर्ण डिजिटल साक्षर भी मिले हैं जिनकी फोरेंसिक जांच कराई जा रही है. आयकर विभाग किस कार्यवाही का दायरा बुलंदशहर और गाजियाबाद तक फैल गया है.

आयकर विभाग की कार्रवाई, अग्रवाल स्वीट्स के सेक्टर-18 स्थित आउटलेट पर जारी है. छापे की खबर फैलते ही अट्टा मार्केट के व्यापारियों में हड़कंप मच गया है. कई दुकानदारों ने अपने रिकॉर्ड जांचने में जुट गए हैं. बुलंदशहर के बंसल बीकानेर और गाजियाबाद के लोकनाथ स्वीट्स समेत अन्य प्रतिष्ठानों के आउटलेट पर भी आयकर विभाग की टीमों ने सर्वे किया है.

पेट पूजा नाम का बिलिंग ऐप से में हेरफेर का शक

जांच में पता चला कि कुछ दुकानें पेट पूजा नाम का बिलिंग ऐप इस्तेमाल कर रही थीं, जिसमें सेल्स एंट्री कुछ समय बाद अपने आप डिलीट हो जाती थी. फिलहाल अधिकारियों का कहना है कि आधुनिक तकनीक और डाटा एनालिसिस के जरिए टैक्स चोरी के मामलों की पहचान की जा रही है. जांच के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई होगी.