सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत केस में बड़ा एक्शन, बिल्डर MZ विशटाउन का मालिक अरेस्ट; मौके पर पहुंचे ADG मेरठ

ग्रेटर नोएडा में इंजीनियर युवराज मेहता की मौत के मामले में बिल्डर अभय कुमार को पुलिस ने अरेस्ट कर लिया है. इंजीनियर युवराज की दो दिन पहले सेक्टर-150 टी प्वाइंट के पास बेसमेंट में भरे पानी में कार समेत डूबने की वजह से मौत हो गई थी.

कार समेत डूबने से इंजीनियर की मौत

राष्ट्रीय राजधानी से सटे ग्रेटर नोएडा में इंजीनियर युवराज मेहता की मौत के मामले में बिल्डर अभय कुमार को पुलिस ने अरेस्ट कर लिया है. इंजीनियर युवराज की दो दिन पहले सेक्टर-150 टी प्वाइंट के पास बेसमेंट में भरे पानी में कार समेत डूबने की वजह से मौत हो गई थी. इस संबंध में नालेज पार्क कोतवाली पुलिस ने दो बिल्डरों एमजे विशटाउन व लोटस ग्रीन के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था.

बिल्डर अभय कुमार को मामले की जांच के लिए गठित एसआईटी ने अरेस्ट किया है. इस मामले में दो बिल्डरों एमजेड विश्टाउन और लोटस ग्रीन के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज है. एसआईटी ने मामले की प्राथमिक जांच में बिल्डर एमजेड विश्टाउन को दोषी मानते हुए यह कार्रवाई की है. एसआईटी में शामिल पुलिस अधिकारियों के मुताबिक प्राथमिक जांच में पाया गया है कि घटना बिल्डरों की लापरवाही की वजह से हुई है.

मौके पर पहुंचे अधिकारी

इस जांच में सीधे तौर पर बिल्डर कंपनी के मालिक को जिम्मेदार माना गया है. इसी क्रम में बिल्डर अभय कुमार सिंह को अरेस्ट किया गया है. एसआईटी के अधिकारियों के मुताबिक इस मामले में जल्द ही दूसरे बिल्डर समेत कुछ अन्य लोगों को भी अरेस्ट किया जा सकता है. फिलहाल मामले की जांच जारी है. अधिकारियों के मुताबिक मामले की जांच के लिए मंगलवार को टीम मौके पर गई थी और घटना के कारणों की विधिवत जांच पड़ताल कर नक्शा बनाया गया है.

बेसमेंट में फंसी इंजीनियर युवराज की कार

मंगलवार की दोपहर 12 बजे एनडीआरएफ की टीम के साथ एसआईटी मौके पर पहुंची. यहां टीम ने बेसमेंट में फंसी इंजीनियर की कार को निकालने की कोशिश की. इसके लिए गोताखोर और नाव का बंदोबस्त किया गया. करीब 3 घंटे तक चले इस सर्च अभियान के बाद बेसमेंट में गाड़ी को ट्रेस कर लिया गया है. अब टीम गाड़ी को बाहर निकालने की तैयारी कर रही है. मामले की गंभीरता को देखते हुए मेरठ एडीजी भानु भास्कर भी मौके पर पहुंचे हैं.