अतीक अहमद के 10 करीबियों पर जमीनों के कथित फर्जीवाड़े का केस
प्रयागराज में अतीक अहमद से जुड़े लोगों पर 100 से ज्यादा भूखंडों के कथित फर्जी बैनामे और जमीन कब्जे के आरोप में केस दर्ज हुआ. 10 नामजद और कुछ अज्ञात आरोपी जांच के घेरे में हैं.
संगम नगरी प्रयागराज में माफिया अतीक अहमद से जुड़े लोगों पर जमीनों के कथित फर्जीवाड़े को लेकर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है. शिकायतकर्ता शाह फैसल की शिकायत पर पूरामुफ्ती थाने में अतीक अहमद के कथित करीबियों समेत 10 नामजद आरोपियों और कुछ अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है. नामजद आरोपियों में मोहम्मद जैद खालिद, जसीम अहमद, जाफर अहमद, मोहम्मद राशिद उर्फ नीलू, मुमताज अहमद, राहिल सिद्दीकी, महमूद अख्तर, अबु जैद, धीरेंद्र प्रताप सिंह और मोहम्मद दानिश शामिल हैं. मुकदमे में लगाए गए आरोपों की पुलिस जांच कर रही है.
100 से ज्यादा भूखंडों के फर्जी बैनामे का आरोप
शिकायतकर्ता शाह फैसल का आरोप है कि पोंगहट, बमरौली, रसूलपुर मरियाडीह और रसूलपुर काशीपुर इलाके में जमीनों के बैनामे और राजस्व अभिलेखों में कथित तौर पर हेराफेरी की गई. शिकायत के मुताबिक, कुछ लोगों ने जितनी जमीन खरीदी, उससे अधिक जमीन का कथित तौर पर बैनामा कराया और बाद में नामांतरण तथा खतौनी में भी नाम दर्ज कराया गया. आरोप है कि इस तरीके से 100 से ज्यादा भूखंडों से जुड़े बैनामे किए गए. शिकायत में निजी जमीन के साथ-साथ ग्रामसभा, बंजर और नाले की जमीन पर कब्जे तथा प्लॉटिंग किए जाने के भी आरोप लगाए गए हैं.
पुश्तैनी जमीन पर कब्जे की कोशिश का भी आरोप
शाह फैसल ने अपनी शिकायत में अपनी पुश्तैनी जमीनों पर कब्जे की कोशिश और धमकी दिए जाने का आरोप भी लगाया है. उनका कहना है कि कई बार जमीन पर कब्जे का प्रयास किया गया. इसके बाद राजस्व अभिलेखों की जांच कराने पर उन्हें बैनामे और खातेदारी में कथित गड़बड़ियों की जानकारी मिली. शिकायतकर्ता ने पुलिस से संबंधित जमीनों के दस्तावेजों और पूरे लेनदेन की जांच की मांग की है.
अतीक-जैद खालिद की कथित बातचीत का भी जिक्र
शिकायत में अतीक अहमद और मोहम्मद जैद खालिद के बीच कथित बातचीत की एक ऑडियो क्लिप का भी जिक्र किया गया है. शिकायतकर्ता का दावा है कि बातचीत में रसूलपुर काशीपुर की जमीन और लाल बंगले की संपत्ति को लेकर चर्चा हुई थी. शाह फैसल ने संबंधित जमीनों की खरीद-फरोख्त के साथ-साथ आरोपियों के बैंक खातों और पैसों के लेनदेन की जांच की मांग भी की है. इन दावों की पुष्टि पुलिस की जांच के बाद ही हो सकेगी.
जैद खालिद पर पहले भी लग चुके हैं जमीन कब्जे के आरोप
मोहम्मद जैद खालिद का नाम इससे पहले भी प्रयागराज में जमीन और अवैध प्लॉटिंग से जुड़े मामलों में सामने आ चुका है. उस पर अतीक अहमद के करीबी के तौर पर जमीनों पर कब्जे और प्लॉटिंग से जुड़े आरोप लगते रहे हैं. प्रयागराज विकास प्राधिकरण ने अतीत में उससे जुड़ी बताई गई प्लॉटिंग पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई भी की है. सितंबर 2026 में भी पूरामुफ्ती क्षेत्र के विष्णापुरी कछार में जैद खालिद से जुड़ी बताई जा रही एक डेयरी के कथित अवैध निर्माण पर PDA ने ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की थी. प्राधिकरण के मुताबिक निर्माण के लिए जरूरी स्वीकृतियां नहीं ली गई थीं.
अतीक की संपत्तियों की जांच का सिलसिला जारी
प्रयागराज में अतीक अहमद और उससे जुड़े लोगों की जमीन और संपत्तियों की जांच का सिलसिला पहले से चल रहा है. जुलाई 2026 में प्रयागराज पुलिस ने गैंगस्टर एक्ट के तहत अतीक से जुड़ी बताई गई करीब 110 करोड़ रुपये की बेनामी संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई की थी. वहीं अगस्त 2026 में प्रशासन ने अतीक-अशरफ से जुड़ी बताई गई जमीनों की जांच के लिए राजस्व अधिकारियों की टीम भी गठित की थी.
