बाराबंकी में खाकी शर्मसार! दरोगा ने शादीशुदा महिला से की छेड़छाड़, लगे कई संगीन आरोप

बाराबंकी में रामनगर थाने के एक दरोगा पर एक महिला ने गंभीर आरोप लगाए हैं. पीड़िता का कहना है कि दरोगा उसे पति छोड़ने और अपने साथ रहने का दबाव डालता था, छेड़छाड़ और प्रताड़ना करता था. शिकायत पर कार्रवाई न होने से पीड़ित परिवार ने अब मुख्यमंत्री पोर्टल का दरवाजा खटखटाया है.

बाराबंकी में दरोगा ने पीड़िता को प्रताड़ित कर की हैवानियत Image Credit:

बाराबंकी जिले के रामनगर थाने में तैनात दरोगा अखिलेश यादव की करतूतों ने ‘मित्र पुलिस’ के दावों की धज्जियां उड़ा दी हैं. सोमवार रात जब पीड़िता का बयान सामने आया तो पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया. पीड़िता ने दरोगा पर न केवल प्रताड़ना, बल्कि छेड़छाड़ और जबरन गाड़ी में खींचकर ले जाने जैसे संगीन आरोप लगाए हैं.

पीड़िता ने आपबीती सुनाते हुए बताया कि एक पारिवारिक विवाद की जांच के बहाने दरोगा अखिलेश कुमार ने उसके घर में घुसपैठ की. दरोगा अक्सर उसे फोन कर 10-10 मिनट तक बात करता था और विरोध करने पर केस की जांच का हवाला देता था. पीड़िता का कहना है कि दरोगा उसे अपने पति को छोड़ने और उसके साथ रहने के लिए दबाव बना रहा था.

‘तुम पढ़ी-लिखी हो, अपने पति को छोड़ दो’

दरोगा उसे लालच देता था कि तुम बहुत स्मार्ट और पढ़ी-लिखी हो, अपने पति को छोड़ दो. मैं तुम्हारी अच्छी जगह नौकरी लगवा दूंगा. जब महिला ने मना किया तो वह उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करने लगा. पीड़िता ने एक खौफनाक घटना का भी जिक्र किया, जब एक दिन रास्ते में दरोगा उसे जबरन अपने कार में खींच लेता है.

पीड़िता ने बताया कि एक बार दरोगा ने उसे रास्ते में रोका और जबरदस्ती खींचकर अपनी गाड़ी में बैठा लिया. गाड़ी के भीतर दरोगा ने उसका हाथ पकड़ा और अश्लील हरकतें करने लगा. पीड़िता जब चिल्लाने लगी और आसपास के लोग इकट्ठा होने लगे तब किसी तरह उसने कार का गेट खोलकर वहां से भागी. इस घटना के बाद से वह सदमे में थी.

अकेले में घर पर पहुंचकर की अश्लील हरकत

लेकिन इसके बाद भी दरोगा का दुस्साहस कम नहीं हुआ. वह वर्दी की धौंस दिखाकर लगातार उसके घर आता रहा. महिला ने बताया कि दरोगा की नीयत इतनी खराब है कि वह अक्सर घर में पुरुषों की अनुपस्थिति में धमक पड़ता था. एक बार जब घर पर कोई नहीं था तो वह सीधे महिला के कमरे तक चला आया. विरोध करने पर उसने बदतमीजी की.

हालांकि, गनीमत रही की तभी महिला की छोटी ननद के आ जाने से वह बाहर भाग निकला. पीड़िता ने सिसकते हुए कहा, ‘मैं एक महिला हूं, अपनी इज्जत की खातिर आपसे सब कुछ खुलकर नहीं बता सकती कि उसने मेरे साथ और क्या-क्या गंदा काम किया. वह बहुत ही घटिया इंसान है.’ उसने बताया कि कई बार शिकायत के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई.

अब मुख्यमंत्री पोर्टल का दरवाजा खटखटाया

पीड़िता का आरोप है कि दरोगा ने पीड़िता के पति को झूठे केस में फंसाने की धमकी दी है. वह दो-तीन बार स्थानीय स्तर पर शिकायत कर चुकी है लेकिन दरोगा के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई. मामला तूल पकड़ने पर अधिकारी ने जांच की बात कही है. पीड़ित परिवार ने अब पुलिस कप्तान अर्पित विजयवर्गीय और मुख्यमंत्री पोर्टल का दरवाजा खटखटाया है.