‘काटकर दफना देंगे…’ AMU में डॉक्टर से बदसलूकी, पुलिस ने बचाई जान
अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में एक डॉक्टर के साथ बदसलूकी और मारपीट का मामला सामने आया है. आरोप है कि कुछ अराजक तत्वों ने डॉक्टर को धमकाते हुए एएमयू को 'मिनी पाकिस्तान' बताया और काटकर दफन करने की धमकी दी. यही नहीं, पीड़ित डॉक्टर को प्रॉक्टर की गाड़ी में अगवा करने की भी कोशिश की गई. गनीमत रही कि समय रहते पहुंची पुलिस ने डॉक्टर को बचाया. इस संबंध में 30 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है.
अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में अपने दोस्त से मिलने आए एक डॉक्टर के साथ बदसलूकी का मामला सामने आया है. आरोप है कि यूनिवर्सिटी कैंपस में डॉक्टर को कुछ अराजक तत्वों ने पकड़ लिया और डराते धमकाते हुए मारपीट की. यहां तक कि प्रॉक्टर की गाड़ी में उसे किडनैप करने की भी कोशिश की गई. गनीमत रही कि सूचना मिलने पर समय रहते पुलिस पहुंच गई. पुलिस ने डॉक्टर की तहरीर पर 30 अज्ञात लोगों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है.
अमरोहा में गजरौला थाना क्षेत्र के गांव नगलिया मेव में रहने वाले डॉक्टर कुलवंत सिंह ने पुलिस को दिए तहरीर में बताया है कि वह पीलीभीत स्थित सरकारी अस्पताल में तैनात हैं. बीते 14 अप्रैल को वह अपने एक दोस्त से मिलने के लिए एएमयू गए थे. वहां हॉस्टल के बाहर दोस्त से मुलाकात की और फिर वहां से वापस लौटने के लिए एक ई-रिक्शा वाले से बात कर रहे थे. इतने में 4 लड़के आए और उनके साथ धक्का मुक्की करने लगे. इनमें से लड़के ने खुद को एएमयू का छात्र बताया था.
हत्या की दी धमकी
पीड़ित डॉक्टर ने बताया कि उन्होंने विरोध किया तो आरोपियों ने फोन कर 30 से लड़कों को बुला लिया. इसके बाद आरोपियों ने उन्हें धमकाते हुए कहा कि यह मिनी पाकिस्तान है. यहीं पर काट कर दफना दिया जाएगा और घर वालों को खबर तक नहीं लगेगी. इसके बाद आरोपी उनके वीडियो बनाने लगे. उन्होंने भी मौका देखकर यूपी 112 पर फोन कर दिया. इतने में वहां प्रॉक्टर की गाड़ी आ गई और जबरन उन्हें उठाकर प्रॉक्टर ऑफिस पहुंचा दिया गया. पीड़ित के मुताबिक यहां उनका फोन तक छीन लिया गया था.
पुलिस ने बचाया
इतने में उनकी सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंच गई. पुलिस को देखते ही प्रॉक्टर ऑफिस के कर्मचारियों खानापूर्ति के नाम पर उनका नाम पता नोट करने के बाद उन्हें छोड़ दिया. इसके बाद पुलिस ने पीड़ित को अपनी गाड़ी में बैठाकर कैंपस के बाहर छोड़ा. इस संबंध में अलीगढ़ पुलिस ने पीड़ित की तहरीर के आधार पर 30 से अधिक युवकों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है. पुलिस मामले की जांच कर रही है. सीओ तृतीय सर्वम सिंह के मुताबिक मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी गई है.